फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

आजादी का अमृत महोत्सव: आगरा में 950 लाभार्थियों को घर की चाबियां, माला जपने वाला थैला बनाती हैं विमलेश

Wed, 06 Oct 2021 08:56 AM IST
Abhishek Saxena न्यूज डेस्क, अमर उजाला, आगरा

सार

आजादी के अमृत महोत्सव के तहत सूरसदन में मंगलवार को हुए प्रधानमंत्री आवास योजना के चाबी वितरण समारोह में जहां मेयर नवीन जैन व सांसद राजकुमार चाहर ने 950 लाभार्थियों को सांकेतिक रूप से चाबियां भेंट की।
विज्ञापन
आगरा: घर पाने वालीं विमलेश - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

हम कच्चे मकान में रहते थे। पहली बार पक्के मकान में दिवाली मनाएंगे। पीएम से बात हो गई। मुझे अब सब कुछ मिल गया। ये कहना है सिकंदरा के भूपालकुंज निवासी विमलेश का। मंगलवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने उनसे वर्चुअल संवाद किया। जिसके बाद विमलेश ने अपनी खुशी जाहिर करते हुए मोदी का धन्यवाद दिया।
विज्ञापन


वहीं आजादी के अमृत महोत्सव के तहत सूरसदन में मंगलवार को हुए प्रधानमंत्री आवास योजना के चाबी वितरण समारोह में जहां मेयर नवीन जैन व सांसद राजकुमार चाहर ने 950 लाभार्थियों को सांकेतिक रूप से चाबियां भेंट की।

नरीपुरा से आई रज्जो देवी ने बताया कि गरीबी की हालत में टूटा-फूटा घर था। पति रिक्शा चलाता है। मैंने कभी नहीं सोचा था कि पक्की छत होगी। आज मेरे बच्चों के सिर पर छत पड़ गई। प्रधानमंत्री ने लखनऊ से सिकंदरा निवासी विमलेश से वर्चुअल संवाद किया। जिसका सीधा प्रसारण सूरसदन में हुआ। जिला नगरीय विकास अभिकरण के परियोजना निदेशक मुनीश राज स्वरूप ने बताया कि 950 लाभार्थियों को उनके आवासों का मालिकाना हक मिला है। करीब 550 लाभार्थियों को फतेहाबाद, किरावली, शमसाबाद, फतेहपुर सीकरी सहित आठ नगर पालिकाओं में आवासों का मालिकाना हक दिया गया है। कुल 1500 लोगों को लाभ मिला है। प्रत्येक लाभार्थी को घर बनाने के लिए तीन किस्तों में 2.50 लाख रुपये दिए गए थे।
विज्ञापन

अपना घर होना सपना सच होने जैसा
विमलेश के घर पर एलईडी स्क्रीन लगाई गई थी। स्क्रीन पीएम मोदी थे। स्क्रीन के सामने विमलेश अपने पति कुलदीप, बेटी नेहा, प्रिया व बेटे सुमित के साथ बैठी थीं। सुबह 11 बजे पीएम मोदी उनसे रूबरू हुए तो विमलेश ने राधे-राधे बोलकर अभिवादन किया। पीएम ने उनसे पूछा, आप कहां रहती थीं, अब कहां रहती हैं। विमलेश ने कहा सिकंदरा में ही उनका कच्चा व टूटा मकान था। अपना घर होना मेरा सपना पूरा होने जैसा है।
माला जपने वाला थैला बनाती हैं विमलेश
मकान बनाने के लिए 2.50 लाख रुपये मिले हैं। पीएम ने उनसे पूछा क्या काम करती हो, तो विमलेश ने बताया कि वह माला जपने वाला थैला बनाती हैं। जिसे मनकामेश्वर, रावली व अन्य मंदिरों पर बेचती हैं। फिर पीएम ने पूछा कौन-कौन सी योजनाओं का लाभ मिल रहा है, तो उन्होंने बताया कि जनधन खाता है। स्वनिधि योजना मिल गई है। अन्य योजनाओं का लाभ मिला है। ऐसा पहली बार होगा जब वह दिवाली व कोई त्योहार अपने घर में मनाएंगी। इस पर पीएम ने उन्हें बधाई दी।
पहली बार पक्के मकान में दिवाली मनाएंगे
प्रधानमंत्री से बात करने के बाद विमलेश ने कहा कि हम कच्चे मकान में रहते थे। पहली बार पक्के मकान में दिवाली मनाएंगे। पीएम से बात हो गई। मुझे अब सब कुछ मिल गया। मेरा जनधन खाता है। स्वनिधि योजना है। बिजली, पानी सब व्यवस्थाएं हैं। इस दौरान डीएम प्रभु एन सिंह, नगरायुक्त निखिल टीकाराम फुंडे सहित तमाम प्रशासनिक अधिकारी विमलेश के घर डटे रहे। संवाद से पहले अफसरों ने विमलेश को सिखाया था कि उन्हें पीएम से क्या और कैसे बात करनी है।
 
विज्ञापन

किराये पर नहीं रहना पड़ेगा
विनायक नगर सिकंदरा निवासी फूलकला को भी मंगलवार को घर का मालिकाना हक मिला। फूलकला ने बताया कि किराये पर रह रहे थे। 2.50 लाख रुपये सरकार ने दिए। कुछ कर्ज लिया अब सिर पर अपनी छत हो गई है। उन्होंने बताया कि पहली किस्त में 50 हजार रुपये और दूसरी किश्त में 1.50 लाख रुपये मिले थे। तीसरी किश्त मिलना बाकी है। घर का काम पूरा हो चुका है। पति वीरेश प्रताप ने बताया कि वह सुरक्षा गार्ड की नौकरी करते हैं।

पीएम ने कहीं ये बातें
- प्रत्येक आवास पर पानी, बिजली, गैस व शौचालय की सुविधा है।
- प्रसन्नता है कि प्रदेश में 75 हजार लोग आज गृह प्रवेश कर रहे हैं।
- प्रत्येक पात्र को आवास प्राप्त हो यही इस योजना का असली उद्देश्य है।
- कोरोना महामारी से बचाव के लिए वैक्सीन सबसे अचूक हथियार है।
- यातायात की सुविधा के लिए 40 इलैक्ट्रिक बसें शुरू की जा रही हैं।
- शुद्ध पेयजल, सीवर निस्तारण के लिए सरकार लगातार प्रयासरत है।
- ताजनगरी में मेट्रो का निर्माण कार्य युद्ध स्तर पर किया जा रहा है।

आजादी का अमृत महोत्सव: आगरा की विमलेश नए मकान में मनाएंगी दीवाली, पीएम मोदी ने की बात
 
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें