भरगैन। मुस्लिम बाहुल्य कस्बा भरगैन में शुक्रवार को मस्जिदों में जुमे की नमाज के बाद लोगों से अयोध्या मामले पर कोर्ट के फैसले का स्वागत करने की अपील की गई। फैसला जो भी आए उसे धैर्य और संयम से सुनें। निर्णय को न तो किसी की जीत मानें और न ही किसी की हार। अपेक्षा के अनुरूप नहीं आए तो उस पर आक्रोश व्यक्त करने की आवश्यकता नहीं है।
कसबे की जामा मस्जिद, मदीना मस्जिद, मुहम्मदी मस्जिद, अल-मदीना मस्जिद सहित सभी मस्जिदों के इमाम ने नमाज के बाद लोगों से आने वाले फैसले के दौरान सौहार्द बनाए रखने की अपील की। जामा मस्जिद में हाफिज गुलाम नवी ने कहा कि किसी भी राजनीतिक दल, धार्मिक जमात या संगठन के बहकावे और भड़काने में न आएं जो भी फैसला आए उसे स्वीकार करें।
इस दौरान दरियावगंज पुलिस चौकी के एसआई मुन्नी लाल यादव, पूर्व चेयरमैन अब्दुल्ला खान, समाजसेवी बदरुल हसन खान, रिहान खान, इंजीनियर सगीर अहमद, हबीब सेठ, फौजी शफी खान, निजाम खान, शोएब खान, बसीम खान, आमिर खान, सलीम खान आदि रहे। संवाद