बाह: बाह में आशा कार्यकर्ताओं ने प्रदर्शन कर टीकाकरण कर बहिष्कार कर मानदेय बढ़ाए जाने की की मां
बाह/खेरागढ़। स्वास्थ्य विभाग की रीढ़ मानी जाने वाली आशा कार्यकर्ती मानदेय बढ़ाए जाने एवं समय पर भुगतान किए जाने की मांग को लेकर आंदोलित हैं। बाह व खेरागढ़ की आशा-संगिनियों ने शनिवार को धरना देकर टीकाकरण का बहिष्कार किया।
बाह की आशा-संगिनियों ने सीएचसी के अधीक्षक डॉ. जितेन्द्र वर्मा को सौंपा। अधीक्षक ने उच्चाधिकारियों के माध्यम से उनकी मांगें शासन तक पहुंचाने का आश्वासन दिया है। आशा संगनी रश्मी शर्मा, माया देवी, पप्पी, अनीता देवी, रजनी देवी, राधा पचौरी ने बताया गर्भवती से लेकर नवजात तक की देखभाल करने वाली आशा कार्यकत्री मलेरिया, टीबी, डेंगू और अन्य संचारी रोगों के रोकथाम में अहम भूमिका निभाती हैं। परिवार नियोजन से लेकर स्वास्थ्य सेवाओं को घर घर पहुंचाने का काम करने पर हर महीने 2000 रुपये का मानदेय मिलता है। 2 महीने से उसका भी भुगतान नहीं हुआ है। मुख्यमंत्री एवं प्रधानमंत्री से मानदेय बढ़ा कर 12 हजार रुपये किए जाने एवं आशा संगनी का मानदेय 9 हजार से बढ़ा कर 20 हजार किए जाने की मांग की गई है। प्रदर्शन करने वालों में मंजू गुप्ता, कृष्णा देवी, बबली देवी, लक्ष्मी, दीक्षा, नेहा देवी, सविता, अनीता आदि रहीं। इधर खेरागढ़ सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र परिसर में शनिवार को आशा कार्यकर्ताओं और संगिनियों ने धरना प्रदर्शन करते हुए सीएचसी अधीक्षक डाॅ. आरके सिंह को मुख्य चिकित्सा अधिकारी के नाम ज्ञापन सौंपा। इस दौरान अंजू, राजनी, अंजू, किरणा, राधा, अंजू, मितलेश, संजू, मंजू आदि शामिल रहीं।