आगरा में औषधि विभाग की जांच में बीते साल 39 दवाओं के नमूने फेल मिले हैं। इसमें 27 नकली और 12 अधाेमानक पाए गए हैं। इनके विक्रेताओं पर मुकदमा दर्ज है। दवा माफिया विजय गोयल जेल में है। इसकी ही नकली दवा बनाने की फैक्टरी के सबसे ज्यादा नमूने लिए थे।
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सहायक आयुक्त औषधि अतुल उपाध्याय ने बताया कि एक अप्रैल 2023 से 31 मार्च 2024 तक 293 दवाओं के नमूने लिए गए। इसमें से 272 दवाओं की रिपोर्ट अब तक मिल चुकी है। इसमें से 27 नकली और 12 अधोमानक पाए गए। नकली में मानसिक रोग की दवाएं, एंटीबायोटिक, कफ सिरप, पेट रोग समेत अन्य दवाएं हैं।
ये नमूने बीते साल जगदीशपुरा, बिचपुरी और लोहामंडी क्षेत्र में नकली दवाओं की अवैध फैक्टरी चलाने वाला विजय गोयल और टेढ़ी बगिया में पकड़े गए एजेंट सादिक से जब्त की गई दवाओं के हैं। इन मामलों में मुकदमा दर्ज हो चुका है, आरोपी जेल में हैं। इसके यहां से 6 करोड़ की दवाएं और मशीनें जब्त की थीं।
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ये आरोपी प्योर एंड क्योर हैल्थ केयर, आर एंड डी पिल्स केयर, हिमालया मेडिटेक, अल्फा प्रोडक्ट, केडला हेल्थकेयर, एकम्स ड्रग्स, स्माइलेक्स हेल्थकेयर, वीके लाइफ साइंसेज, अबॉर्ट हेल्थकेयर समेत अन्य कंपनी के नाम से नकली दवाएं बनाकर बेचते थे। बाकी के 21 दवाओं के नमूनों की जांच रिपोर्ट नहीं आई है।