अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी, डा. भीमराव अंबेडकर विवि और दयालबाग एजूकेशनल इंस्टीट्यूट में कार्यरत संविदा कर्मियों के लिए बड़ी राहत की खबर है। तीनों बड़े शैक्षणिक संस्थानों के हजारों संविदा कर्मचारियों को कर्मचारी भविष्य निधि संगठन में कवर किया गया है। ईपीएफओ की सख्ती के बाद इनका पीएफ काटने और अंशदान करने को तीनों विवि तैयार हैं। क्षेत्र के 6500 स्कूल, कालेजों, बीएड कालेजों, कोल्ड स्टोरेजों और ईंट भट्ठों को अपने कर्मचारियों की कवरेज के लिए पीएफ केनोटिस भेजे जा रहे हैं।
पीएफ आगरा के कमिश्नर विश्वजीत सागर ने बताया कि एएमयू, अंबेडकर विवि और दयालबाग को नोटिस भेजे गए थे, जिसके बाद संविदाकर्मियों को पीएफ कवरेज में लाया जा रहा है। जनवरी से चल रहे कर्मचारी सदस्यता अभियान में अब तक 1600 इकाईयों के 15 हजार से ज्यादा कर्मचारियों को कवर किया जा चुका है। 31 मार्च तक 50 हजार कर्मियों को पीएफ कवरेज देने का लक्ष्य है। ईपीएफओ आगरा में 7466 प्रतिष्ठानों के 6,17,314 कर्मचारी सदस्य बन चुके हैं।
मथुरा नगर पालिका का रिकार्ड सीज
आगरा/मथुरा। कर्मचारी भविष्य निधि संगठन (ईपीएफओ) कमिश्नर विश्वजीत सागर ने शुक्रवार शाम चार बजे मथुरा नगर पालिका आफिस में छापा मार कर पूरा रिकार्ड सीज कर दिया। यहां साल 2011 से ठेकेदारों से पीएफ काटने के निर्देशों का पालन नहीं किया जा रहा था, जबकि पीएफ आफिस लगातार नोटिस भेज रहा था। पीएफ कमिश्नर विश्वजीत सागर ने पालिका के अधिशासी अधिकारी ब्रजेश कुमार से पूछा कि जिन ठेकेदारों को पालिका भुगतान कर रही है, उनके द्वारा कराए गए कार्यों में लगे श्रमिकों का पीएफ काटा जा रहा है। इस पर ईओ ने अनभिज्ञता जताई। टीम सभी पत्रावलियां, रजिस्टर और भुगतान से सबंधित फाइलों को जब्त कर अपने साथ आगरा ले आई। आयुक्त ने पालिका से पीएफ न काटे जाने पर स्पष्टीकरण मांगा है। टीम में सहायक आयुक्त एसएस भाटी, आरएम तिवारी आदि भी थे।