कासगंज कोतवाली में बैठे मृतक अल्ताफ के परिवारीजन ।
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कासगंज। पुलिस अभिरक्षा में कोतवाली के टॉयलेट में लगभग साढ़े पांच माह पहले हुई अल्ताफ की मौत के मामले में पुलिस की आत्महत्या की थ्योरी पर हाईकोर्ट के निर्देश पर मंगलवार को होने वाला रीक्रिएशन नहीं हो सका। अब पुलिस इस प्रक्रिया को बुधवार को कराने की बात कह रही है। अहरोली निवासी अल्ताफ पुत्र चांद मिया की मोत 8 नवंबर 2021 को पुलिस अभिरक्षा में हो गई थी। उसका शव 9 नवंबर को कोतवाली के टॉयलेट में ढाईफुट ऊंची पानी की टंकी से जेकेट के हुड से बंधा मिला था।
पुलिस ने युवक की मौत का कारण आत्महत्या बताया, लेकिन परिजनों के गले पुलिस की यह थ्योरी नहीं उतरी। इसके बाद हाईकोर्ट के निर्देश पर 15 फरवरी को उसका शव बाहर निकालकर 16 फरवरी को एम्स में फिर से पोस्टमार्टम कराया। इस मामले में हाईकोर्ट ने पुलिस को आत्महत्या का रीक्रिएशन कराने के निर्देश दिए। इसके बाद पुलिस ने मंगलवार को रीक्रिएशन कराने का निर्णय लिया। इसकी पूरी तैयारी कर ली गई। अल्ताफ के परिजन दोपहर 3 बजे कोतवाली पहुंच गए। रीक्रिएशन के लिए अल्ताफ के वजन का एक पुतला तैयार करके लाया गया, लेकिन शाम लगभग 6.30 बजे पुलिस ने रीक्रिएशन को टाल दिया। पुलिस ने अब परजिनों को बुधवार को दोपहर का समय रीक्रिएशन के लिए दिया है। इसके बाद परिजन साढ़े तीन घंटे तक इंतजार करने के बाद वापस लौट गए।
इस तरह से होगी रीक्रिएशन की प्रक्रिया
अल्ताफ के वजन के पुतले को उसी रोड से बांधकर नल से लटकाया जाएगा, जो थ्योरी पुलिस ने बताई है। इस रीक्रिएशन के दौरान देखा जाएगा क्या वाकई नल से लटक कर इतने वजन के व्यक्ति की मौत हो सकती है। इस रीक्रिएटिविटी की एक वीडियो शूट करके पुलिस को हाईकोर्ट के समक्ष प्रस्तुत करना होगा।