उन्होंने बाहर से काला धन लाकर देश के लोगों को खाते में 15 लाख रुपये भेजने का सपना दिखाया था, लेकिन आज तक किसी के खाते में 15 हजार भी नहीं आए। नोटबंदी के चलते बैंकों की लाइन में धक्के खाने के अलावा लोगों को कुछ नहीं मिला। लाइन में लगे जिन लोगों की जान गई उनकी मदद प्रदेश सरकार ने 2-2 लाख रुपये देकर की। बरसात के दिन देखे, गर्मी के दिन देखे, लेकिन अच्छे दिन कब आएंगे। बसपा के विकास को आगरा के ताजमहल की तरह अजूबा बताते हुए मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने कहा कि उनके बनवाए हाथी जो खडे़ थे वो आज भी खडे़ हैं और जो बैठे थे वो आज भी बैठे ही हैं। वहीं, कांग्रेस के साथ गठबंधन पर कहा कि प्रदेश में सरकार बनाने के लिए यह जरूरी था।
शुक्रवार को बाह के जरार स्थित नवीन कृषि मंडी स्थल पर पार्टी प्रत्याशी हंसकली के समर्थन में मुख्यमंत्री ने जनसभा को संबोधित कर विकास के नाम पर वोट मांगे। कहा कि नई सरकार बनने पर सबको 1000 रुपये पेंशन, स्कूलों में बच्चों को ड्रेस, फल, दूध के साथ घी और मिल्क पाउडर भी देंगे। महिलाओं को प्रेसर कुकर दिए जाएंगे। वहीं, अरिदमन और पक्षालिका सिंह के पार्टी छोड़ने पर कहा कि जिन पर भरोसा किया वही छोड़कर चले गए। जनसभा के दौरान रामजीलाल सुमन, रामआसरे कुशवाह, रामसकल गुर्जर, राजपाल यादव, शिवकुमार राठौर, रामसहाय यादव, प्रभात चतुर्वेदी, सिराजुद्दीन, दिग्विजय सिंह, चेयरमैन दिवाकर सिंह गुर्जर, चौधरी कृष्णा सिंह और रामपाल कश्यप आदि रहे।
चंबल में डाकू नहीं शेर दिखेंगे
बाह। अखिलेश यादव ने डकैतों के लिए कुख्यात रहे चंबल इलाके पर कहा कि यहां अब डाकू नहीं शेर दिखेंगे। साइकिल ट्रैक से पर्यटक यहां आकर इटावा की लायन सफारी में शेर देख सकेंगे। उन्होंने बर्ड फेस्टिवल पर कहा कि दुनिया भर के पक्षी विशेषज्ञों ने चंबल और बाह में दिलचस्पी दिखाई है। बटेश्वर के मंदिरों के संरक्षण का काम शुरू कराया गया है।
बैंक की लाइन में जन्मे बच्चे का नाम खजांची
बाह। अखिलेश यादव ने कहा कि गरीब परिवार की महिला बैंक की लाइन में लगी थी। उसने वहीं बच्चे को जन्म दिया। बैंक वालों ने उसका नाम खजांची रख दिया। बाद में पता चला कि महिला का परिवार बस्ती में सबसे गरीब है। प्रदेश सरकार ने उसके खाते में दो लाख रुपये जमा कराकर सही मायने में खजांची बना दिया।
आपस में भिड़े सपाई, कुर्सियां तोड़ी
बाह। जनसभा स्थल पर मुख्यमंत्री का हैलीकाप्टर उड़ते ही कुछ सपाई आपस में भिड़ गए। उनका गुस्सा जनसभा स्थल पर पड़ी कुर्सियों और बेरीकेडिंग पर टूट पड़ा। उन्होंने कुर्सियां तोड़कर फेंकना शुरू कर दिया। इससे वहां भगदड़ मच गई। जमीन पर गिरने वाली महिलाएं और बच्चे चुटैल हो गए। चीख पुकार के बाद भीड़ को नियंत्रित किया गया। इस दौरान सपा प्रत्याशी के साथ आई पिनाहट की श्रीदेवी बेहोश हो गईं और इंद्रा चुटैल हुईं। उनका पर्स भी गिर गया।