पुलिस रिकार्ड में जाति का उल्लेख हो या फिर क्षेत्र विशेष में लगे जाति आधारित साइन बोर्ड नहीं लगाए जाएंगे। हाईकोर्ट के आदेश के बाद शासन स्तर से जिला मुख्यालयों के लिए निर्देश जारी कर दिए गए हैं। इसके साथ ही वाहनों पर जाति लिखने पर सर्वप्रथम हिदायत दी जाएगी। दोबारा नियमों के उल्लंघन पर सख्त कार्रवाई की जाएगी। आगरा कमिश्नरेट में इस संबंध में तीनों जोन के डीसीपी, एसीपी और थाना प्रभारियों को दिशा निर्देश जारी कर दिए गए हैं। आज से वाहनों की चेकिंग की जाएगी।
पुलिस आयुक्त दीपक कुमार ने बताया कि हाईकोर्ट के आदेश के बाद निर्देश जारी कर दिए गए हैं। पुलिस रिकार्ड में जाति का उल्लेख नहीं किया जाएगा। नेशनल क्राइम रिकार्ड ब्यूरो से सीसीटीएनएस में इससे संबंधिक कालम हटाने के लिए शासन स्तर पर कार्रवाई चल रही है। थाना पुलिस को निर्देश दिए गए हैं कि मुकदमे में जाति का उल्लेख नहीं किया जाए। एससी-एसटी एक्ट के मामले में छूट रहेगी।
इसके साथ ही जाति आधारित आयोजन न होने देने के लिए भी निर्देशित कर दिया गया है। वाहनों की चेकिंग भी कराई जाएगी। गाड़ियों के शीशे और नंबर प्लेट पर जाति नहीं लिखी होनी चाहिए। अगर ऐसा कोई करते पाया जाता है तो नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। बुधवार से यातायात पुलिस के साथ थाना पुलिस भी चेकिंग करेगी। जिन क्षेत्र विशेष में जाति आधारित साइन बोर्ड लगे हैं, उनको चिह्नित किया जा रहा है। इन बोर्ड को हटा दिया जाएगा। अगर कोई बोर्ड लगाने का प्रयास करेगा तो कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
सिकंदरा में हुआ था बवाल
1 महीने पहले सिकंदरा क्षेत्र में बवाल हुआ था। गांव अकबरा के बाहर जाति विशेष का बोर्ड लगा दिया गया था। इस बोर्ड को पुलिस ने हटवा दिया था। इस पर लोग आक्रोशित हो गए थे। एक साथ तीन जगह अकबरा, खड़वाई और मांगराैल गूजर पर लगे जाति आधारित बोर्ड हटाए गए थे। इससे आक्रोशित लोगों ने हीरा लाल की प्याऊ स्थित फ्लाईओवर के नीचे बवाल किया था। बड़ी संख्या में लोग पुलिस आयुक्त से भी मिलने गए थे।