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इंजीनियरिंग समझ में नहीं आई तो कॉलेज से भाग गया कर्नाटक का छात्र, आगरा पुलिस ने ढूंढ निकाला

Tue, 03 Nov 2020 12:01 AM IST
मुकेश कुमार न्यूज डेस्क, अमर उजाला, आगरा

सार

  • आगरा पहुंचा तो हरीपर्वत पुलिस ने ढूंढ निकाला, पिता आगरा आकर ले गए, पिता ने फोन पर पुलिस से किया था सम्पर्क, दिया धन्यवाद
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छात्र को उसके पिता ले गए घर - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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कर्नाटक के मैसूर स्थित इंजीनियरिंग कॉलेज में बीटेक थर्ड ईयर कर रहा छात्र एक महीने पहले घर से भाग गया। दो दिन पहले आगरा पहुंचा। एटीएम से डेबिट कार्ड स्वैप करने पर उसके पिता को जानकारी हो गई। उन्होंने थाना हरी पर्वत पुलिस से संपर्क किया। पुलिस की मदद से बेटे को ढूंढ निकाला। रविवार शाम को आगरा आकर बेटे को अपने साथ ले गए। उन्होंने पुलिस को धन्यवाद दिया है।

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कर्नाटक के रहने वाले अमृत मुगली मिनिस्ट्री ऑफ स्टील में अधिकारी के पद पर कार्यरत हैं। उनका बेटा अभिषेक मैसूर के इंजीनियरिंग कॉलेज से बीटेक कर रहा है। हॉस्टल में ही रहता है। अभिषेक ने पुलिस को बताया कि कुछ दिन से उसे पढ़ाई समझ में नहीं आ रही थी। इस कारण परेशान था। 


पिता ने उसका दाखिला कराया था। पढ़ाई समझ में नहीं आने की वजह से वह हॉस्टल से भाग निकला। कभी अपने दोस्त तो कभी अपने रिश्तेदारों के यहां गया। दो दिन पहले आगरा आ गया। आईएसबीटी पर पहुंचने पर एक एटीएम से रुपए निकाल रहा था, लेकिन कार्ड ब्लॉक किया गया था। इस वजह से पैसे नहीं निकल सके। 

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उधर, कार्ड का प्रयोग होने की वजह से पिता को बैंक से मैसेज पहुंच गया। आईएसबीटी थाना हरीपर्वत क्षेत्र में आता है। उन्होंने इंटरनेट से पुलिस का नंबर लिया। इसके बाद व्हाट्सएप पर संपर्क किया। थाना प्रभारी निरीक्षक अजय कौशल को व्हाट्सएप पर फोटो शेयर की। निरीक्षक सहित कई दरोगा अभिषेक की तलाश में लगाए गए। फोटो की मदद से ट्रांसपोर्ट नगर में अभिषेक को ढूंढ निकाला गया।

पिता बोले, नहीं डांटेंगे

पुलिस की ओर से पिता को सूचना दी गई। बेटे के मिलने से पिता की खुशी का ठिकाना नहीं रहा। रविवार शाम को वह दिल्ली फ्लाइट से आए। इसके बाद आगरा आकर बेटे को अपने साथ ले गए। उनका कहना है कि बेटे को डांटेंगे नहीं। पढ़ाई पर भी जोर नहीं देंगे। वह जैसा चाहता है वैसा ही करेंगे। जिस कॉलेज में बेटे को दाखिला दिलाया है, उसमें परीक्षा के बाद अच्छी रैंक आने पर ही प्रवेश मिलता है।

कई दिनों से तनाव में था

कामयाब होने के लिए नहीं, काबिल होने के लिए पढ़ो, सक्सेस झक मारके पीछे आएगी। थ्री इडियट फिल्म का यह डायलॉग अभिषेक को काफी प्रभावित करता है। उसका कहना है कि वह अपने मन से कुछ कर दिखाना चाहता है, लेकिन इंजीनियरिंग में फंस कर पढ़ाई नहीं कर पा रहा है। इस वजह से कई दिनों से तनाव में था।
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