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भारत बंदः पुलिस ने भी माना साजिश के तहत हुई हिंसा, अब ऐसे शिकंजे में लिए जाएंगे साजिशकर्ता

Thu, 05 Apr 2018 05:07 PM IST
न्यूज डेस्क, अमर उजाला आगरा
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आग बुझाता पुलिसकर्मी - फोटो : अमर उजाला
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एससी एसटी एक्ट में हुए बदलाव के विरोध में दो अप्रैल को शहर में हुए उपद्रव के पीछे गहरी साजिश थी। इसे कुछ लोगों ने अंजाम दिया। पुलिस को यह आशंका है। अब इसी पर काम किया जा रहा है। 
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साजिशकर्ताओं तक पहुंचने के लिए उन लोगों की सूची तैयार की गई है जिन्होंने प्रदर्शन के लिए भीड़ जुटाई। इनमें से कई ऐसे मिले हैं, जिन पर पहले से बलवे के केस हैं। 

सूची में शामिल सभी नेताओं के मोबाइल की कॉल डिटेल निकलवाई जा रही है। पुलिस के उच्च पदस्थ सूत्रों ने बताया कि साजिश के बारे में कुछ जानकारी मिली है। 
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बवाल - फोटो : अमर उजाला
जैसे दो अप्रैल से चार दिन पहले ही बस्तियों में भीड़ जुटाने के लिए सभा की गई थी। लोगों को उकसाने के लिए आरक्षण खत्म करने की साजिश किए जाने जैसे झूठ बोले गए थे। 

ऐसे सभी लोगों की सूची तैयार की गई है। इनके मोबाइल की कॉल डिटेल निकलवाई जा रही है। इससे मालूम चलेगा कि ये किनके संपर्क में थे? 

इनकेपास किसका फोन आया और फिर इन्होंने किसे फोन किया? इनकी लोकेशन भी पता चल जाएगा। जिनके बारे में साक्ष्य मिल जाएंगे, उनसे पूछताछ की जाएगी।
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उपद्रवियों से भी होगी पूछताछ

उपद्रवियों की गिरफ्तारी के बाद पुलिस उनसे पूछताछ करेगी। यह भी पूछेगी कि उन्हें किसने उकसाया? इससे साजिशकर्ताओं के नाम मिल सकते हैं।

ग्वालियर रोड और एमजी रोड पर उन इलाकों में ही ज्यादा हिंसा हुई है, जहां पहले भी बवाल होते रहे हैं। पुलिस ने पुराने बवाल में शामिल रहे लोगों की कुंडली भी निकाल ली है। इनके बारे में पता किया जा रहा है कि दो अप्रैल को इनकी क्या गतिविधि रही?
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