आगरा में ताजगंज के चमरौली के पावन धाम कालोनी स्थित बाबा नईम शाह की दरगाह के उर्स पर शुक्रवार को सांप्रदायिक तनाव बन गया। आसपास रहने वाले लोगों ने उर्स का विरोध किया।
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हालात देखते हुए प्रशासन ने उर्स के आयोजन की अनुमति देने से इंकार कर दिया। दरगाह पर पुलिस तैनात कर दी गई है। दोनों पक्षों के लोगों को मुचलकों में पाबंद किया जा रहा है।
उर्स के लिए दो मई को प्रशासन से अनुमति मांगी गई थी। इस पर पुलिस की रिपोर्ट दी गई। पुलिस ने कहा कि यहां दरगाह के आसपास के कुछ लोग विरोध कर रहे हैं। उधर उर्स की तैयारी चलती रही।
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इसका पता चलने पर आसपास के लोगों ने हंगामा कर दिया। उन्होंने कहा कि उर्स किसी सूरत में नहीं होने दिया जाएगा। उन्होंने दरगाह कमेटी पर माहौल बिगाड़ने, जमीन कब्जाने के आरोप भी लगाए।
इसी दरगाह पर हाेना थ्ाा उर्स
- फोटो : अमर उजाला
उर्स के आयोजन के लिए शहर से काफी लोग पहुंच गए। उधर आसपास के लोगों ने इनका विरोध किया। इससे सांप्रदायिक तनाव बन गया।
दरगाह के मुतवल्ली सितार खान और दरगाह कमेटी के सदस्य सिताब अली का कहना है कि वे डीएम आवास भी गए थे, एडीएम सिटी से बात की थी।
इसके बावजूद प्रशासन ने उर्स की अनुमति देने से इंकार कर दिया है जबकि दरगाह पर 50 साल से उर्स होता आ रहा है। हालांकि ये लोग अनुमति पत्र नहीं दिखा पा रहे हैं।
उनका कहना है कि उन्होंने पिछली सालों के अनुमति पत्र संभालकर नहीं रखे। उधर, थाना पुलिस का कहना है कि यह जमीन विवादित है। इस विवाद में छह महीने पहले सांप्रदायिक झगड़ा हो चुका है। इस कारण अनुमति देने से माहौल बिगड़ सकता है।
वहीं पुलिस ने अजमेरी, गुल्ला, अलीशेर, मुन्ना खां, इदरीश, सलीम, सोनू, रज्जो, शाहरुख, इरफान, सिताब, शरीफ, साहिल, इस्लाम, सद्दाम, सत्तार समेत 16 लोगों को पाबंद किया गया है।
एडीएम सिटी केपी सिंह का कहना है कि उर्स के लिए कुछ लोगों ने अनुमति मांगी थी, पुलिस से रिपोर्ट ली गई, वहां पहले कभी उर्स का आयोजन नहीं हुआ है, इस कारण अनुमति नहीं दी गई।
सीओ सदर उदयराज सिंह का कहनाह है कि जिस जमीन पर उर्स का आयोजन किए जाने की बात कही जा रही है, वह किसी और के नाम है। यहां पहले कभी उर्स की अनुमति नहीं दी गई है।