मैनपुरी। जिला पंचायत कार्यालय में तैनात एक चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी से कान पकड़कर उठक बैठक लगवाने के मामले में जांच शुरू हो गई है। जिलाधिकारी के आदेश पर गठित समिति ने बृहस्पतिवार को अपर मुख्य अधिकारी को नोटिस जारी किया गया है। नोटिस का जवाब आने के बाद उसका परीक्षण किया जाएगा।
जिला पंचायत कार्यालय में तैनात चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी मनोज कुमार ने अपर मुख्य अधिकारी तपेश चंद्र वर्मा पर उत्पीड़न का आरोप लगाया था। उसने कान पकड़कर उठक-बैठक लगवाने और निलंबित करने की धमकी देने की बात कही थी। एक महिला चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी समेत तीन अन्य कर्मचारियों ने भी शोषण के आरोप लगाए थे।
मामले में वीडियो वायरल होने के बाद नौ दिसंबर को जिलाधिकारी महेंद्र बहादुर सिंह ने जांच के मुख्य विकास अधिकारी ईशा प्रिया और परियोजना निदेशक डीआरडीए सुरेश चंद्र मिश्रा को नामित किया था। इसी के चलते अब जांच समिति ने अपर मुख्य अधिकारी तपेश चंद्र वर्मा को नोटिस जारी कर जवाब मांगा है। जवाब आने के बाद उसका परीक्षण किया जाएगा। शिकायकर्ताओं का पक्ष भी सुना जाएगा। नोटिस जारी होने के बाद जिला पंचायत कार्यालय में खलबली मच गई है।
समिति के सामने भी देने होंगे बयान
लिखित जवाब के साथ ही जांच समिति मामले से जुड़े सभी लोगों को अपने सामने बयान देने के लिए बुलाएगी। इसमें अपर मुख्य अधिकारी के अलावा शिकायत से जुड़े कर्मचारियों को भी बुलाया जाएगा। इसके बाद जांच रिपोर्ट जिलाधिकारी महेंद्र बहादुर सिंह को सौंपी जाएगी।
जिलाधिकारी ने जांच के आदेश दिए हैं। अपर मुख्य अधिकारी को नोटिस जारी कर जवाब मांगा गया है। जवाब आने के बाद बयान दर्ज कर रिपोर्ट जिलाधिकारी को भेजी जाएगी।
ईशा प्रिया, मुख्य विकास अधिकारी।