कासगंज। पंचायत सचिवों की मनमानी विभागीय योजनाओं के क्रियान्वयन में अड़ंगा लगा रही है। कुछ सचिव तो इतनी हठधर्मिता पर हैं कि वे उच्चाधिकारियों के निर्देशों का भी पालन नहीं कर रहे। सामुदायिक शौचालयों के निर्माण की जियो टैगिंग में लापरवाही पर 15 दिन पहले जिन सचिवों को नोटिस दिया गया था उन्होंने नोटिस का जवाब विभाग को नहीं दिया। न ही सामुदायिक शौचालय के निर्माण में कोई रुचि दिखाई। विभाग उनके खिलाफ कार्रवाई की तैयारी कर रहा है।
प्रत्येक ग्राम पंचायत में सामुदायिक शौचालय का निर्माण कराने के निर्देश शासन से मिले हैं। कुछ ग्राम पंचायतों ने तो इन निर्देशों के क्रम मे शौचालयों का निर्माण कराकर जियो टैगिंग करा दी, लेकिन अधिकांश पंचायतों में काम ही शुरू नहीं हुआ है। डीपीआरओ ने इस लापरवाही पर संबंधित पंचायत के सचिवों को नोटिस जारी किया था।
15 दिन पहले दिए गए नोटिस में दो दिन में संतोषजनक जवाब मांगा गया था, लेकिन अभी तक लापरवाह सचिवों ने न तो संतोषजनक प्रगति की है और न ही कोई नोटिस का जवाब दिया। इस पर अब डीपीआरओ ने कड़ी नाराजगी जाहिर करते हुए फिर से चेतावनी दे दी है।
किस ब्लॉक में कितने लापरवाह
कासगंज- अनिरुद्ध द्विवेदी, कुंवर पाल सिंह, शीतल, जुगेंद्र, चंद्रप्रकाश, अशोक, ब्रह्मप्रकाश, नरेश, मधुबाला, अनीता, नीता।
सोरों- ओमप्रकाश, जसवीर, रामनिवास, उपदेश, केपी सिंह।
गंजडुंडवारा- राजेश, रंजीत, वेदराम।
अमांपुर- अमित, सत्येंद्र, रावेंद्र, मथुरा प्रसाद।
सिढ़पुरा- अनिल, अवधेश, फिरोज, रंजीत, सत्येंद्र।
सहावर- शिव कपूर, दलवीर, आशीष, नीलांबर, मंजुल, रंजीत।
पटियाली- प्रियंका, अवधेश, अमर सिंह।
- लापरवाह पंचायत सचिवों को नोटिस दिया जा चुका है। एक-एक सचिव कई कई पंचायतों की निगरानी कर रहे हैं। लापरवाह सचिवों को अंतिम चेतावनी दी गई है। अगर कार्यप्रणाली में सुधार नहीं हुआ तो जल्द कार्रवाई की जाएगी। - शहनाज अंसारी, डीपीआरओ।