गंगाजल लेकर चंबल घाट से गुजर रहे कांवड़िये, महिलाओं ने भी उठाई कांवड़
बटेश्वर। मढ़ेपुरा गांव के नौ युवा हरिद्वार से कांवड़ में 51 लीटर गंगाजल लेकर 85 घंटे की पदयात्रा कर शनिवार को बटेश्वर धाम पहुंचे। सावन के दूसरे सोमवार पर इस गंगाजल से ब्रह्मलाल महादेव का अभिषेक किया जाएगा।
मढ़ेपुरा गांव के शिवम, पिंटू, सुनील, राकेश, आशीष, सूरज, सीपी सिंह, सोनू और दिलीप हरिद्वार से पैदल चलकर कलशों में गंगाजल लेकर आए हैं। शिवभक्तों ने बताया कांवड़ यात्रा में डीजे म्यूजिक सिस्टम पर भोले बाबा के भजन बज रहे थे। युवाओं का अनुशासन और तालमेल ऐसा था कि जैसे ही एक साथी थकता, दूसरा तुरंत उसकी कांवड़ संभाल लेता। शनिवार को बटेश्वर धाम पहुंचने पर परिजन और ग्रामीणों कांवड़ियों का स्वागत किया।यह 51 लीटर गंगाजल रविवार मध्य रात्रि को बटेश्वर के मुख्य शिव मंदिर में भगवान भोलेनाथ को अर्पित किया जाएगा।
वहीं, शनिवार को चंबल घाट पर कांवड़ियों की भीड़ नजर आई। इनमें महिलाएं भी कांवड़ लेकर जाती हुई दिखाई दीं। चंबल नदी पार करने के लिए कांवड़ियों को मोटर बोट की मदद से सुरक्षित दूसरी ओर पहुंचाया गया।
चंबल घाट पहुंचने वाले कांवड़ यात्रियों की सुविधा के लिए नगर पंचायत पिनाहट की ओर से शनिवार को चंबल घाट पर विभिन्न स्थानों पर लाइटें लगाईं। इससे रात के समय घाट पर आने-जाने वाले कांवड़ यात्रियों को सुविधा मिलेगी। वहीं, बारिश से चंबल घाट का संपर्क मार्ग जगह-जगह क्षतिग्रस्त हो गया है। गहरे गड्ढे और उबड़-खाबड़ रास्ता होने से कांवड़ यात्रियों को आवागमन में परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।