फतेहपुर सीकरी। मोहर्रम को लेकर कसबे मेें तैयारियां जोरों पर हैं। कारीगर दिन-रात ताजिये बनाने में जुटे हुए हैं। सीकरी में बनने वाले ताजिये राजस्थान समेत के कई जगह आर्डर पर भेजे जाते हैं।
22 नवंबर से इमामबाड़ों में ताजिये रखे जाने शुरू हो जाएंगे। इसके मद्देनजर कारीगरों के पास आर्डर की लंबी फेहरिस्त हैं। इन्हें तेजी के साथ निपटाया जा रहा है। कारीगर शहजाद फारुखी बताते हैं कि इस वर्ष कच्चे माल के मूल्यों में बढ़ोत्तरी हुई हे। इससे न्यूनतम मेहनताना भी नहीं निकल पा रहा। ताजिये बनाने में काफी कच्चा माल लगता है। उन्होंने कहा कि उनके पास राजस्थान के महुआ, दौसा, भरतपुर आदि जगहों से ताजिये बनाने के आर्डर हैं। इनकी कीमत पांच सौ से लेकर 10 हजार रुपये तक होती है। एक माह से परिवार के आधा दर्जन सदस्य दिनरात मेहनत कर ताजिये बनाने में जुटे हुए हैं।
फोटो- मोहर्रम के ताजिये बनाने में जुटा कारीगर परिवार।