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सिक्सलेन के लिए 18 गांव में भूमि अधिग्रहण की कवायद शुरू

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डेमो - फोटो : डेमो
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कासगंज। बरेली से मथुरा राजमार्ग को राष्ट्रीय राजमार्ग में परिवर्तित किया जा रहा है। इस नए राष्ट्रीय राजमार्ग 530 बी पर सिक्स लेन सड़क बनाना प्रस्तावित है। इसके लिए जिले के 18 गांव में भूमि का अधिग्रहण किया जाएगा। तहसील प्रशासन ने भूमि का ब्यौरा राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण को भेज दिया है। इसके अलावा अन्य कुछ गांव का ब्यौरा भी प्राधिकरण ने मांगा है।
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भरतपुर से पीलीभीत की ओर जाने वाले राजमार्ग 33 को मथुरा से बरेली तक राष्ट्रीय राजमार्ग घोषित करते हुए इसके 530 बी संख्या का नाम दिया। यह मार्ग सिक्सलेन बनना है। इसके लिए जिले के 18 गांव गोरहा, तकुआवर, देवरी, प्रहलादपुर, आनंदीपुर, होडलपुर, हिमायूंपुर, फरीदनगर, जगबतपुर, पहाड़पुर, कटरा, श्यामसर, बहादुरनगर, शाहपुरमाफी, मल्लाहनगर, तुमरिया, सराय, जुन्नारदार, मानपुर नगरिया एवं हसनपुर व न्यौली गांव में भूमि का अधिग्रहण किया जाना है। इसके संबंध में राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण की मांग पर जिलाधिकारी ने तहसील प्रशासन को जमीन का ब्यौरा उपलब्ध कराने के निर्देश दिए हैं। डीएम के निर्देश पर तहसील प्रशासन ने राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण को 18 गांव का ब्यौरा उपलब्ध करा दिया है। चयनित सभी गांव के खसरा खतौनी की सत्यापित प्रति भी जुटाई है। एनएचएआई जल्द ही इन गांव का नक्शा तैयार करेगा।
इन गांव का भी मांगा ब्यौरा
कासगंज। राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण ने 21 और गांव का ब्यौरा भी मांगा है। इन गांव में कातौर, मोहनपुरा, टीकमपुरा, अथैया, पथरेकी, कुंवरपुर, टंडोली खालसा, टंडोली माफी, ततारपुर माफी, धनतोरिया, जियायुद्दीनपुर, कल्यानपुर, खेडिय़ा, तरौरा, कलौनी, रफातपुर, जकारुद्धपुर, क्यामपुर बहेडिय़ा, मामो और गोरहा शामिल हैं। हालांकि तहसील प्रशासन ने अभी तक इन गांव का ब्यौरा नहीं जुटाया है।
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- तहसील प्रशासन द्वारा कासगंज तहसील क्षेत्र के 16 और सहावर तहसील क्षेत्र के 2 गांव का ब्यौरा राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण को दिया गया है। कुल 18 गांव में अधिग्रहण की तैयारी चल रही है। ब्रह्मानंद कठेरिया, तहसीलदार कासगंज।
- प्रशासन द्वारा राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण को जो ब्यौरा उपलब्ध कराया है। उसके आधार पर नक्शा तैयार कर रहे हैं। डीपीआर तैयार होने के बाद स्पष्ट होगा कि अधिग्रहण के लिए कितनी धनराशि चाहिए। शिवम त्रिपाठी, सुपरवाइजर, राष्ट्रीय राजमार्ग विकास प्राधिकरण।
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