फिरोजाबाद। उत्तर प्रदेश मिनिस्टीरियल कलक्ट्रेट कर्मचारी संघ ने तेरह सूत्री मांगों को लेकर गुरुवार को कलक्ट्रेट में कामकाज ठप रखा। दफ्तरों में ताले डाल दिए। कर्मचारियों के आंदोलन के चलते जिला मुख्यालय पर आने वाले फरियादियों को बैरंग लौटना पड़ा। मुख्यालय के बाहर धरना प्रदर्शन के साथ मुख्यमंत्री को संबोधित ज्ञापन डीएम को सौंपा।
प्रांतीय नेतृत्व के आह्वान पर गुरुवार को धरना प्रदर्शन और कार्य बहिष्क ार करने वाले कलक्ट्रेट और तहसील संघ के कर्मचारियों ने प्रदेश सरकार पर उनकी मांगों पर गंभीरता पूर्वक एवं सकारात्मक निर्णय नहीं लेने का आरोप लगाया। धरना प्रदर्शन से पूर्व कर्मचारियों ने कलक्ट्रेट परिसर स्थित कार्यालयों के गेट बंद कर विरोध जताया।
कर्मचारियों की हड़ताल की वजह से कलक्ट्रेट स्थित अधिकांश कार्यालयों में कामकाज पूरी तरह से ठप रहा। कलक्ट्रेट के बाहर धरना प्रदर्शन पर बैठे कर्मचारियों ने इस दौरान प्रदेश सरकार के विरोध में नारेबाजी भी की। धरना प्रदर्शन के दौरान संघ के मंडलीय मंत्री अजीत उपाध्याय, सुनील भटनागर, राज्य कर्मचारी महासंघ के दौजीराम, जिलाध्यक्ष यादव कुमार तोमर, शैलेंद्र शर्मा आदि ने मौके पर पहुंची जिलाधिकारी नेहा शर्मा को मुख्यमंत्री के नाम एक ज्ञापन सौंपा।
जनपद मुख्यालय का नाम परिवर्तित कर मिनी सचिवालय रखने, कलक्ट्रेट लिपिक संवर्ग के कर्मचारियों क ो नायाब तहसीलदार पद पर प्रोन्नति देने, कलक्ट्रेट मिनिस्टीरियल संवर्ग को राजस्व सेवा घोषित कर कनिष्ठ सहायक को कंप्यूटर सहायक का वेतनमान देने की मांग की है।
इसके अतिरिक्त लेखा कार्य करने वाले पटल सहायकों को लेखा संवर्ग का वेतनमान देने और कर्मचारी संघ को दारूलसफा लखनऊ में कक्ष आवंटित करने के अतिरिक्त समान कार्य समान वेतन सिद्धांत की तर्ज पर कलक्ट्रेट कर्मचारियों को सचिवालय कर्मियों के बराबर वेतन भत्ते का भुगतान की मांग की है।