फिरोजाबाद। नगर निगम में विकास कार्यों को लेकर गतिरोध एवं भ्रष्टाचार के मुद्दे पर पार्षदों का प्रतिनिधिमंडल शनिवार को डीएम को ज्ञापन देने पहुंचा। डीएम की गैर मौजूदगी में पार्षदों ने मुख्यमंत्री के नाम एडीएम को 17 सूत्री ज्ञापन सौंपकर भ्रष्टाचार की उच्च स्तरीय जांच की मांग उठाई।
पार्षद विनीता अग्रवाल ने कहा कि नगर निगम में पिछले तीन वर्षों में अधिकारियों ने जमकर भ्रष्टाचार किया। इसके चलते अंग्रेजी में बजट तैयार कराया। जिसे बोर्ड ने अस्वीकृत कर दिया। बोर्ड बैठक की मिनट बुक में फेरबदल करने वाले अधिकारियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया जाए। पार्षद अजय गुप्ता ने कहा कि रामनगर, छारबाग, रसूलपुर, आसफाबाद में बने नालों में घोटाले की जांच कर भ्रष्ट अधिकारियों पर मुकदमा दर्ज कराया जाए।
निगम में भ्रष्टाचार की उच्च स्तरीय जांच हो। पार्षद मुनेंद्र यादव ने कहा कि धरने के दौरान नई बिल्डिंग में प्राइवेट कर्मियों द्वारा फर्जी फाइल तैयार करने के मामले की उच्च स्तरीय जांच हो। निर्माण विभाग और जलकल विभाग में फर्जी फाइलें तैयार कराकर करोड़ों का भुगतान कराने की जांच कराई जाए। ज्ञापन देने वालों प्रेमचंद्र शंखवार, विनीता अग्रवाल, पूनम शर्मा, गेंदलाल राठौर, वाहिद भाई, इसरार, मीरा शर्मा, कासिम सिद्दीकी, पार्षद पति कृष्ण मुरारी अग्रवाल सहित अन्य पार्षद मौजूद रहे।
रिपोर्ट-विमल