मैनपुरी। जिले में संक्रामक बीमारियों के साथ ही अब डेंगू के मरीजों की संख्या अचानक बढ़ चली है। जिला अस्पताल पहुंची एक बालिका में डेंगू के लक्षण मिले हैं। बालिका को गंभीर हालत में आगरा के लिए रेफर किया गया है। वहीं, एक निजी अस्पताल पर भी तीन मरीजों में डेंगू के लक्षण मिलने की जानकारी मिली है।
जिला पूरी तरह से संक्रामक मरीजों की चपेट में है। वर्तमान में हालात और बिगडने लगे हैं। वायरल, मलेरिया के साथ ही डेंगू के मरीज भी तेजी के साथ मिलने लगे हैं। कोतवाली थाना क्षेत्र के मोहल्ला बागवान निवासी अरवेश यादव की 12 वर्षीय पुत्री साधना में डेंगू के लक्षण मिले हैं। साधना को एनएस-1 पॉजिटिव पाया गया है। बुधवार को गंभीर हालत में साधना को जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया। यहां से गंभीर हालत देखते हुए साधना को आगरा के लिए रेफर किया गया है। वहीं नगर के देवी रोड स्थित निजी क्लीनिक में पहुंचे तीन मरीजों में भी जांच में डेंगू के लक्षण मिले हैं। इन तीन में से एक मरीज को आगरा इलाज के लिए भेजा गया है। बताया गया है कि मरीज आगरा रोडवेज बस से जा रहा था। रास्ते में हालत बिगड़ी तो उसे फिरोजाबाद के ट्रामा सेंटर में भर्ती कराया गया है।
जिला अस्पताल में नहीं है मरीजों के लिए जगह
जिला अस्पताल में प्रतिदिन 50 से 70 मरीज पहुंच रहे हैं। यहां आने वाले मरीजों को बेड तक नहीं मिल पा रहे हैं। 100 शैय्या वाले अस्पताल में अभी तक 40 अतिरिक्त बेडों की व्यवस्था की जा चुकी है। इसके बाद भी मरीजों को बेड नहीं मिल पा रहे हैं।
सीएमओ ने चिकित्साधीक्षकों को जारी किए निर्देश
मैनपुरी। जिला अस्पताल में मरीजों की भीड़ को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग में हड़कंप है। सीएमओ डॉ. एके पांडेय ने ग्रामीण अंचल के अस्पतालों में कार्यरत सभी चिकित्साधीक्षकों को निर्देश जारी किए हैं कि वह ग्रामीण अंचल से आने वाले मरीजों को अपने यहां पर बेहतर उपचार दें, जिससे वे जिला अस्पताल न पहुंचें।
लालपुर और अजीतगंज पहुंची स्वास्थ्य विभाग की टीम
अजीतगंज। बुधवार को प्रात: 11 बजे सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र भांवत के प्रभारी डॉक्टर पपेंद्र कुमार स्वास्थ्य विभाग की टीम के साथ गांव लालपुर पहुंचे। यहां आठ वर्षीय रितिक की खसरा का टीका लगने के बाद हालत बिगडने से मौत हो गई थी। स्वास्थ्य विभाग की टीम ने गांव में करीब आधा दर्जन मरीजों का परीक्षण किया। टीम के सदस्य गांव अजीतगंज भी पहुंचे। यहां गांव में पांच वर्षीय खुशबू पुत्री हरिश्चंद्र श्रीवास्तव की बुखार से पीड़ित होने पर मौत हो गई थी। इस अवसर पर हरिभान सिंह, राघवेंद्र, आलोक सक्सेना, पारस गुप्ता, मंजू यादव, डॉ. पंकज तिवारी आदि स्वास्थ्य कर्मी मौजूद रहे।