तीर्थनगरी के तीर्थस्थल के रूप में विकास की संरचना को अमलीजामा पहनाने के लिए प्रशासनिक कवायद तेजी से चल रही है। तीर्थनगरी के विभिन्न संगठनों के लोगों, नगरपालिका बोर्ड के साथ कलक्ट्रेट सभागार में बैठक आयोजित करके संरचना पर विचार विमर्श किया।
बैठक की अध्यक्षता एडीएम मनीष नाहर ने की। प्रोफेसर डा. राधाकृष्ण दीक्षित ने कहा कि प्राचीन राजस्थानी शैली की तर्ज पर हरि की पैड़ी के घाटों, परिक्रमा मार्ग, वराह मंदिर एवं घाट आदि का विकास किया जाए। भाजपा जिलाध्यक्ष पूर्णेंद्र सोलंकी ने कहा कि सीएम योगी ने सोरों के लोगों की मांग को पूरा किया है। सोरों का विकास पूरी तरह से किया जाएगा।
एडीएम मनीष नाहर ने कहा कि सभी लोगों के प्रस्तावों पर विचार विमर्श करने के बाद कार्य योजना तैयार की जाएगी। नगरपालिका अध्यक्ष मुन्नी देवी ने भी तीर्थनगरी के सुंदरीकरण के संबंध में महत्वपूर्ण सुझाव प्रस्तुत करते हुए खुशी जाहिर की। अमित अनाड़ी ने अक्षरधाम मंदिर की तरह विशाल मंदिर के निर्माण की मांग रखी। रामेश्वर दयाल महेरे ने लहरा जाने वाले मार्ग को ऊंचा करने की जरूरत बताई। निखिल दीक्षित ने भी महत्वपूर्ण सुझाव दिए। तुलसी संग्रहालय, लहरा पर पकके घाट बनाने के आदि के सुझाव भी रखे गए। तीर्थनगरी में प्रवेश द्वार बनाने के भी सुझाव रखे। बैठक में आर्किटेक्ट अब्दुर रऊफ ने बताया कि सर्वप्रथम हरि की पैड़ी के परिक्रमा मार्ग को अद्भुत बनाने के लिए कार्य योजना तैयार होगी।
सत्येंद्र कुमार जेई, संपूर्णानंद भारद्वाज, योगेश चौधरी, महेश त्रिवेदी, यशोधर राव, आदित्य काकोरिया, ब्रजेश उपाध्याय, कमाल हसन रहमानी, संजय दुबे नगर अध्यक्ष भाजपा, सुनील तिवारी, गणेश बरवारिया, धर्मेंद्र वाष्र्णेय, संजय उपाध्याय, देवीलाल तिवारी, पप्पू दुबे, नंद किशोर, सतीश भारद्वाज, अमित अग्रवाल, डा. मलखान आदि मौजूद रहे।