फिरोजाबाद। सुहाग नगर स्थित एक कांच इकाई में कार्यरत चार दर्जन श्रमिकों को सेवायोजक ने बुधवार को गेट से बाहर निकाल दिया। पीड़ित श्रमिकों ने सहायक श्रमायुक्त से मिलकर न्याय की गुहार लगाई।
सुहाग नगर स्थित एक ग्लास वर्क्स में कार्यरत श्रमिकों ने 17 मई को मांग दिया था। सहायक श्रमायुक्त ने तीन जून को दोनों पक्षों को बुलाकर न्यूनतम वेतन और कोई कटौती न करने सहित छह बिंदुओं पर समझौता कराया था। इसके बावजूद सेवायोजक द्वारा समझौते का पालन नहीं किया गया।
श्रमिकों द्वारा समझौते के अनुसार न्यूनतम वेतन देने की मांग करने पर सेवायोजक ने चार दर्जन श्रमिकों को जून का बकाया वेतन भुगतान किए बिना ही कार्य से हटा दिया। पीड़ितों ने अपनी समस्या कांच उद्योग क्रांतिकारी मजदूर संघ के मंत्री भूरी सिंह यादव से की। सभी श्रमिकों ने भूरी सिंह के नेतृत्व में सहायक श्रमायुक्त राजीव कुमार सिंह से मिलकर अपनी समस्या बताई।
श्रमिकों का कहना था कि सेवायोजक ने कारखाने में सिंगल प्रेस की मशीनों को बंद कराकर हमें बाहर निकाल दिया। किसी श्रमिकों को बकाया भुगतान भी नहीं किया। मौके पर हाजी शाकिर, कमल जैन, फारुख अली, धर्मेंद्र, अखलाक, रफीक, वीरेंद्र, योगेश, राजू, पप्पू, राजपाल आदि रहे।
सहायक श्रमायुक्त राजीव कुमार सिंह न्यू ब्राइट ग्लास के सेवायोजक द्वारा समझौते का पालन न करने के संबंध में श्रमिकों ने मिलकर शिकायत की है। 22 जुलाई को सेवायोजक व श्रमिक पक्ष की वार्ता बुलाई गई है। सेवायोजक को हर हाल में समझौते का पालन करना होगा, अन्यथा श्रम कानून के तहत सख्त कार्रवाई की जाएगी।