टाउनशिप (मथुरा)। मथुरा-कासगंज रेल मार्ग पर थाना रिफाइनरी क्षेत्र में धाना शमशाबाद गांव के पास अंडरपास में भरे पानी से गांवों का रास्ता बंद हो गया। भड़के ग्रामीणों ने बुधवार को गांव के पास रेल मार्ग ठप कर दिया।
कासगंज-अछनेरा पैसेंजर को 40 मिनट तक रोके रखा। काफी देर हंगामा हुआ। रेल अफसरों ने अंडरपास दुरुस्त कराने का आश्वासन देकर रेल मार्ग शुरू कराया।
45 किलोमीटर के रेलमार्ग मथुरा-कासगंज पर जगह-जगह ग्रामीणों को रास्ता देने के लिए अंडरपास बनाए गए हैं। धाना शमशाबाद के पास बने अंडरपास में पिछले कई दिनों से पानी भरा हुआ है।
बताया जाता है कि गांव के पास से गुजर रही आगरा-कैनाल का पानी लीक होकर अंडरपास में भर जाता है। स्थिति यह है कि पिछले कई रोज से ग्रामीणों का रास्ता बंद है। गांव वालों ने रेलवे अफसरों से शिकायत की मगर कोई सुनवाई नहीं हुई।
बुधवार को ग्रामीण सड़कों पर उतर आए। गांव के पास से गुजर रही मथुरा-कासगंज रेल लाइन पर बैठ गए। नारेबाजी शुरू कर दी। ग्रामीणों ने कहा कि जब तक अंडरपास से पानी नहीं निकाला जाएगा वह रेल मार्ग को खाली नहीं करेंगे। इसी दौरान सुबह 10:30 बजे अछनेरा-कासगंज पैसेंजर पहुंच गई। ग्रामीणों ने ट्रेन को रोक दिया। 40 मिनट तक पैसेंजर को रोका गया। बाद में रिफाइनरी थाने की पुलिस पहुंची और लोगों को समझा बुझाकर शांत किया।
आश्वासन दिया कि वह रेलवे अफसरों को बुलवाकर समस्या का समाधान कराएंगे। इस पर ग्रामीणों ने रेल लाइन खाली कर दी। चालीस मिनट तक रेल मार्ग बंद रहने से कई ट्रेनों को जगह-जगह रोकना पड़ा। बाद में रेलवे के आईओडब्लू देवी सिंह और सीनियर सेक्शन इंजीनियर गांव में पहुंचे और नहर का पानी रोकने का प्लान बनाया।
इन गांवों के रास्ते हैं बंद
- बेरी, परखम, बामोली, गढ़ीबेरी, जिरौली, धाना जीवना, ओल, धर्मपुरा, थिरावली समेत 20 गांवों के रास्ता बंद हैं।