कासगंज। फर्जी शैक्षिक प्रमाण पत्रों के जरिए नौकरी पाने वाले शिक्षक की नियुक्ति बेसिक शिक्षा अधिकारी ने रद्द कर दी है। उच्च न्यायालय के निर्देशों के अनुरूप मामले की जांच पड़ताल के बाद फर्जी मार्कशीट मिलने पर यह कार्रवाई की गई।
फर्जीवाड़ा करके शिक्षक की नौकरी पाने वाले गुलाब सिंह ने सहायक अध्यापक के रूप में वर्ष 2009-10 में फर्रुखाबाद में नियुक्ति हुई थी। उन्होंने विकासखंड कमालगंज के अलबोला विद्यालय में नौकरी शुरू की। अंतर जनपदीय स्थानांतरण प्रक्रिया में 6 अगस्त 2013 को शिक्षक का स्थानानांतरण कासगंज में हो गया। शिक्षक के फर्जी शैक्षिक प्रमाण पत्रों के संबंध में मगथरा के चंद्रभान निवासी मगथरा ने शिकायत की, लेकिन इन शिकायतों पर कोई कार्रवाई नहीं हुई।
शिकायतकर्ता मामले को लेकर उच्च न्यायालय चला गया। उच्च न्यायालय ने इस संबंध में जांच पड़ताल करने और मामले को निस्तारित करने के निर्देश बीएसए को दिए। डा. भीमराव अंबेडकर विश्वविद्यालय से उनकी शैक्षणिक अंकतालिकाएं फर्जी बताई गईं। फर्जीवाड़े की पुष्टि होने के बाद जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी गीता वर्मा ने जांच पड़ताल में शिक्षक गुलाब सिंह पर फर्जी अभिलेखों के आधार पर नौकरी पाया जाना पाया गया। बेसिक शिक्षाधिकारी ने गुलाब सिंह को एमनपुर विद्यालय के सहायक अध्यापक पद से हटाते हुए सेवाएं समाप्त कीं।