आगरा। ‘एयरपोर्ट के लिए जमीनें दे दोगे ?’ जमीन जितनी जल्दी मिल जाएगी, एयरपोर्ट का काम उतनी जल्दी शुरू हो जाएगा। धनौली में इस सवाल के साथ केंद्रीय नागरिक उड्डयन राज्यमंत्री जयंत सिन्हा ने किसानों से वादा किया कि इसी जमीन पर एयरपोर्ट बनाया जाएगा। जेवर में इंटरनेशनल एयरपोर्ट के सवाल पर राज्यमंत्री ने कहा कि जेवर के साथ आगरा में भी एयरपोर्ट बनाया जाएगा। जेवर एयरपोर्ट दिल्ली की जरूरतें पूरी करने के लिए है। लोग थोड़ा धैर्य रखें।
मंगलवार सुबह केंद्रीय राज्यमंत्री ने खेरिया एयरपोर्ट पर स्थानीय प्रशासन और एयरपोर्ट अथारिटी के अधिकारियों के साथ बैठक की। धनौली में प्रस्तावित सिविल एन्क्लेव में आ रही अड़चनों के बारे में पूछा। डीएम गौरव दयाल ने उन्हें बताया कि प्रदेश सरकार ने सिविल एन्क्लेव के निर्माण के लिए जरूरी जमीन खरीदने को 64.94 करोड़ रुपये जारी कर दिए हैं।
23 हेक्टेयर जमीन खरीदी जा रही है। इसमें पांच हजार वर्ग मीटर क्षेत्र में धनौली में सिविल एन्क्लेव प्रस्तावित है। राज्यमंत्री ने एयरपोर्ट के विस्तार के लिए जरूरी 55 हेक्टेयर जमीन पर भी स्टेटस जाना। इसके बाद वह धनौली पहुंचे, जहां कई लोग भी आ गए। लोगों ने जेवर में एयरपोर्ट बनाने पर आक्रोश जताया।
तब राज्यमंत्री ने कहा कि आगरा में भी हवाई अड्डा बन रहा है। निराश होने की जरूरत नहीं है। किसान आसानी से जमीन देने को तैयार हैं तो एयरपोर्ट अथारिटी काम भी जल्द शुरू करा देगा। निरीक्षण के दौरान एडीएम भूमि अध्याप्ति नरेंद्र शर्मा, एयरपोर्ट अथारिटी निदेशक कुसुम दास आदि मौजूद रहे।
मुंबई-आगरा फ्लाइट फिर होगी शुरू!
मुंबई और आगरा के बीच एयर इंडिया की पूर्व में चली फ्लाइट फिर से शुरू हो सकती है। केंद्रीय राज्यमंत्री ने खेरिया एयरपोर्ट पर बैठक में एयरपोर्ट अथारिटी से आगरा में उड़ानों की स्थिति जानी। निदेशक ने बताया कि रीजनल कनेक्टिविटी स्कीम में जून में उड़ान प्रस्तावित थी, लेकिन अभी तक नहीं आई। राज्यमंत्री ने मुंबई-आगरा फ्लाइट के बारे में ज्यादा पूछताछ की और संकेत दिए कि सीजन में इसे फिर शुरू किया जा सकता है। उड़ान योजना में आगरा को कई शहरों से जोड़ने के उन्होंने संकेत दिए हैं।