मथुरा। 12 दिन बीत जाने के बाद भी पुलिस अभी तक एटीएम उखाड़ने वाले बदमाशों तक नहीं पहुंच सकी है, अभी तक एटीएम भी नहीं मिला और न ही उसमें रखा 37 लाख 91 हजार 200 रुपये का कैश मिला है। पुलिस की आठ टीमें अभी तक मेवात की खाक छान रही हैं, पर हाथ अभी भी खाली हैं। दावा जरूर किया जा रहा है कि एटीएम उखाड़कर ले जाने वाले बदमाश जल्द पुलिस की गिरफ्त में होंगे।
पांच फरवरी की रात आगरा-दिल्ली हाईवे पर छाता में वेकमेट फैक्टरी के बाहर लगे एटीएम को उखाड़कर ले जाने की सनसनीखेज वारदात को बदमाशों ने अंजाम दिया था। आईसीआईसीआई बैंक के एटीएम में 37 लाख 91 हजार 200 रुपये थे। सनसनीखेज वारदात के खुलासे के लिए आठ टीमें लगाई गई थी। 12 दिन में पुलिस की यह टीमें बदमाशों के आसपास तक नहीं पहुंच पाई। इतना जरूर है कि पुलिस की टीमें मेवात में खाक छान रही, पर अभी तक बदमाश हत्थे नहीं चढ़ सके हैं।
पूर्व की घटना का भी खुलासा नहीं
छह दिसंबर की रात भी छाता के जीएलए बजाज के पास से एटीएम बदमाश उखाड़कर ले गए थे। इस एटीएम में करीब साढ़े आठ लाख रुपये थे। इस वारदात का खुलासा करने में पुलिस अभी तक नाकाम रही है। दो बड़ी वारदातों के खुलासे के लिए टीमें जुटने का दावा जरूर किया जा रहा है, पर अभी तक नतीजा जीरो है।
खुलासा जल्द करेंगे
समय जरूर लग रहा है। पर असली बदमाशों को पकड़कर सलाखों के पीछे पहुंचाएंगे और एटीएम उखाड़ने का खुलासा जल्द करेंगे।
सत्यार्थ अनिरुद्ध पंकज, एसएसपी