मथुरा। प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना में फसल का बीमा कराने वाले 2.50 लाख किसानों को कंपनी ने कोई रसीद नहीं दी है। किसानों का कहना है कि यदि बाद में कोई रसीद मांगेगा तो वह कहां से देंगे। किसान दिवस में यह मुद्दा जोरदारी से उठाया गया।
बुधवार दोपहर को राजीव भवन में एडीएम वित्त रविंद्र कुमार की अध्यक्षता में किसान दिवस का आयोजन किया गया। भाकियू जिलाध्यक्ष बुद्धा सिंह प्रधान, किशनपुर के कैलाश प्रधान, बेरा के किसान शैलेंद्र सिंह, जुल्हेंदी के प्रो. नवाब सिंह ने कहा कि बीमा कंपनी टाटा एआईजी ने जनपद के ढाई लाख किसानों से 7.50 करोड़ रुपया प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना में किश्त के रूप में ले लिया, लेकिन अब जब किसानों की फसल ओलावृष्टि से खराब हो गई है उन्हें बीमा कराने की शर्तों का भी पता नहीं है। अब अफसर नुकसान कम बताकर बीमा कंपनी को लाभ पहुंचाने की फिराक में हैं।
ककरेटिया के हाकिम सिंह, सिहोरा के ओमवीर सिंह राणा, देवेंद्र सिंह ने बैंकों में किसानों को टरकाने का आरोप लगाया। कहा कि गेहूं खरीद केंद्रों पर उनका ओलावृष्टि से प्रभावित हुए गेहूं को नहीं खरीदा जा रहा। इस दौरान उपकृषि निदेशक धुरेंद कुमार, कृषि अधिकारी प्रमोद कुमार, उद्यान अधिकारी सुरेश कुमार, एलडीएम प्रमोद शर्मा सहित बीमा कंपनी टाटा एआईजी के राहुल त्रिपाठी मौजूद रहे।