मांट (मथुरा)। ऋण मोचन योजना के सत्यापन के दौरान किसानों से रिश्वत लेते लेखपाल का वीडियो वायरल हो गया है। सोशल मीडिया पर वायरल इस वीडियो को प्रशासनिक अफसर भी देख रहे हैं, लेकिन कार्रवाई के लिए शिकायत का इंतजार है।
इन दिनों प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की चुनावी घोषणा को पूरा करने के लिए प्रदेश सरकार जिले के 1.08 लाख किसानों के ऋण संबंधी बैंक खातों और खसरा खतौनी का सत्यापन करा रही है। यह दायित्व गांवों में पहुंचकर लेखपाल निभा रहे हैं, लेकिन लेखपालों ने ऋण माफी की इस योजना को भी अपनी कमाई का जरिया बना लिया है। सत्यापन में उन्हीं किसानों को लाभान्वित कराने की बात हो रही है जो इसके एवज में रिश्वत दे रहे हैं। इसका वीडियो मांट तहसील में वायरल हुआ है।
सुरीर क्षेत्र में बने इस वीडियो में लेखपाल किसानों से पैसे लेते दिखाया गया है। इतना ही नहीं, रिश्वत की लेखपाल सीधे किसानों से मांग कर रहा है। यह वीडियो तहसील और जनपद स्तरीय प्रशासनिक अफसरों तक पहुंच गया है, लेकिन अब तक सभी चुप्पी साधे हैं। एसडीएम मांट शशिकांत शेखर का कहना है कि उन्होंने वीडियो को देखा है, लेकिन शिकायत करने वाला अब तक कोई नहीं आया है।