फिरोजाबाद/शिकोहाबाद। शिकोहाबाद क्षेत्र के गांव डिवाइची में मिलावटी छेना बनाने के कारोबार का भंडाफोड़ हुआ है। गुरुवार रात 11 बजे खाद्य विभाग की टीम ने एसडीएम एवं तहसीलदार के निर्देशन में छापेमारी कर करीब साढे़ चार क्विंटल छेना नष्ट कराया गया। खाद्य विभाग की टीम ने एक नमूना लेकर जांच के लिए लेबोरेटरी भेजा है।
प्रशासन को सूचना मिली थी कि गांव डिवाइची में नकली छेना बनाया जाता है। एसडीएम केएस वर्मा, तहसीलदार दीपक कुमार, शिकोहाबाद सीओ संजय वर्मा के साथ मुख्य खाद्य सुरक्षा विभाग के अधिकारी वीएस कुशवाह एवं एफएसओ रविभान ने छापेमारी की। टीम ने पाउडर से छेना बनने की आशंका बताई। गोदाम भिंड निवासी प्रमोद कुमार संचालित करता है।
रात में छेना बनाकर सुबह दुकानों पर सप्लाई होता है। टीम ने देखा कि जिन बर्तनों में छेना भरा था। उसमे कीडे़ थे। जो स्वास्थ्य के लिए हानिकारक था। टीम ने छेने को नष्ट कराया और एक नमूना लेकर जांच के लिए भेज्रा। कार्रवाई के दौरान भारी मात्रा में पुलिस फोर्स मौजूद रहा। तहसीलदार दीपक कुमार ने बताया कि संबंधित व्यक्ति के पास खाद्य विभाग का लाइसेंस था। अनियमितताओं के कारण लाइसेंस निरस्त करने की संस्तुति की जा रही है।
गोदाम से थोक में छना 100 रुपये प्रति किग्रा भाव पर बिकता था। इसकी सप्लाई फिरोजाबाद और शिकोहाबाद सहित देहात क्षेत्रों की अच्छी दुकानों पर होती थी। दुकानदार इसे 220 रुपये से लेकर 300, 380 रुपये प्रति किग्रा दर पर बेचते थे।
मिलावटखोरों पर कार्रवाई का असर कुछ नहीं है। 17 अक्तूबर को डिवाइची स्थित प्रमोद कुमार के गोदाम पर एसडीएम के नेतृत्व में छापेमारी की गई थी। सौ किग्रा छेना नष्ट कराया गया था। इसके बाद भी छेने का कारोबार धड़ल्ले से चलता मिला।