कासगंज। कासगंज-बरेली-मथुरा मार्ग को एनएचएआई को हस्तांतरित करने के संबंध में लोक निर्माण विभाग के प्रमुख अभियंता ने निर्देश जारी कर दिए हैं। हस्तांतरण प्रक्रिया के उपरांत उनका निर्माण और रख रखाव एनएचएआई के द्वारा ही किया जाएगा। प्रमुख अभियंता के निर्देशों के बाद हस्तांतरण की प्रक्रिया तेज हो चुकी है।
सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय भारत सरकार ने कासगंज-मथुरा-बरेली मार्ग को राजमार्ग घोषित किया था। इसके हस्तांतरण की प्रक्रिया लंबित चल रही थी। अब हस्तांतरण की प्रक्रिया तेज हो चुकी है। राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण ने इसे राष्ट्रीय राजमार्ग घोषित करते हुए इसे 530बी नाम दिया गया है। यह राष्ट्रीय राजमार्ग बरेली के राष्ट्रीय राजमार्ग 30 से प्रारंभ होकर बुदौन, बदायूं, कासगंज, हाथरस को जोड़ते हुए मथुरा के निकट राष्ट्रीय राजमार्ग 44 से जुड़ जाएगा। इस संबंध में लोक निर्माण विभाग के प्रमुख अभियंता बीके सिंह ने 13 जुलाई को अधीक्षण अभियंताओं और अधिशासी अभियंताओं को हस्तांतरण प्रक्रिया के संबंध में निर्देशित किया। साथ ही यह जानकारी भी दी कि अब इन मार्गों का निर्माण और रखरखाव एनएचएआई के द्वारा ही किया जाएगा। इस हस्तांतरण प्रक्रिया से कासगंज-एटा के बीच हो रहे फोरलेन निर्माण का कार्य बाधित होगा। फोरलेेन का निर्माण केवल बांकनेर तक रहेगा। इसके आगे एनएचएआई के द्वारा ही राष्ट्रीय राजमार्गों के मानकों के अनुरूप निर्माण किया जाएगा।
कासगंज-बरेली-मथुरा मागरस्त्रत्त़् को राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण को सौंपे जाने के निर्देश लोक निर्माण विभाग के प्रमुख अभियंता नेि दिए हैं। शीघ्र ही हस्तांतरण की प्रक्रिया पूरी हो जाएगी- मथुरिया, सहायक अभियंता