निरीक्षण कर लौटते प्रमुख सचिव नगर विकास।
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वृंदावन (मथुरा)। यमुना में गिर रहे नालों को लेकर इलाहाबाद हाईकोर्ट के कड़े रुख के बाद प्रशासनिक अधिकारियों में हड़कंप है। गुरुवार को प्रदेश के नगर विकास विभाग के प्रमुख सचिव मनोज कुमार सिंह ने वृंदावन के पंपिंग स्टेशन और एसटीपी का निरीक्षण किया। कई खामियां पकड़ीं और अधिकारियों की क्लास भी लगाई।
गुरुवार की दोपहर पागल बाबा पानीगांव रोड पर 8 एमएलडी सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट का निरीक्षण किया। यहां जल निगम के अधिकारी प्रमुख सचिव से सच्चाई छिपाते रहे और बताया गया कि वृंदावन के सभी पंपिंग स्टेशन का गंदा पानी 8 एमएलडी के स्टेशन आ रहा है और जल को शोधन कर सिंचाई कार्य में लिया जा रहा है। लेकिन प्रमुख सचिव ने हालात जानने का मन बनाया। इसके बाद प्रमुख सचिव सीवर व्यवस्था की असलियत जानने के लिए अटल्ला चुंगी चौराहे पर पहुंचे, लेकिन जल निगम और नगर निगम के अधिकारी मौके पर ही नहीं पहुंचे। प्रमुख सचिव आधा घंटे तक अधिकारियों का इंतजार करते रहे।
पत्रकारों के प्रश्न पर प्रमुख सचिव ने कहा कि वृंदावन की बिगड़ी सीवर व्यवस्था को लेकर वे जांच कराएंगे। मुखर्जी पार्क पंपिंग स्टेशन से 8 एमएलडी प्लांट तक लाइन दुरुस्त न होने और सीवर लाइनों को आपस में न जोड़ने की शिकायत पर भी जांच कराई जाएगी। इसके बाद प्रमुख सचिव ने मथुरा में मसानी नाले के साथ पंपिंग स्टेशन और ट्रीटमेंट प्लांट का निरीक्षण किया। यहां कर्मचारियों की संख्या और पानी निकासी की जानकारी ली। जल निगम के प्रोजेक्ट मैनेजर बीएस चाहर, एई केपी सिंह, अपर नगर आयुक्त सुशीला अग्रवाल, डॉ. ब्रजेश कुमार, महाप्रबंधक जलकल मंजू गुप्ता, जेई दुष्यंत कुमार, रत्नेश सारस्वत और विवेक कुमार शर्मा मौजूद थे।