फिरोजाबाद। महिला के अपहरण को लेकर दो पक्षों के बीच चली आ रही रंजिश शनिवार रात को खूनी हो गई। आरोपी पक्ष ने अपहरण के मामले की कोर्ट में पैरवी कर रहे रसूलपुर थाना क्षेत्र के मोहल्ला गुरुदेवनगर निवासी नेपाल सिंह समझकर घर के बाहर सो रहे वृद्ध को गोली मार दी, जिससे उसकी मौत हो गई। मौके पर पहुंची पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम भेजा।
नेपाल सिंह फौजी पुत्र भगवान दास मूलरूप से मटसेना थाना क्षेत्र के गांव पिलुआ प्रेमपुर के रहने वाले हैं। नेपाल सिंह के छोटे भाई महीपत सिंह की पत्नी संजू देवी तीन माह पूर्व आगरा के फतेहाबाद थाना क्षेत्र के गांव आई थी। जर्नादन सिंह निवासी पिलुआ प्रेमपुर बहला फुसलाकर उसे अगवा कर ले गया था। इसकी रिपोर्ट मटसेना थाने में दर्ज है। तीन माह बीत जाने के बाद भी पुलिस न तो आरोपी की गिरफ्तारी की न ही महिला का सुराग लगा सकी। इसी बात को लेकर जर्नादन सिंह महीपत के बड़े भाई नेपाल सिंह से रंजिश रखने लगा।
नेपाल सिंह इस मुकदमे में पैरवी कर रहा है। नेपाल सिंह ने सेना से निवृत्त होने के साथ ही रसूलपुर थाना क्षेत्र के मोहल्ला गुरुदेवनगर में रहता है। नेपाल सिंह प्रतिदिन घर के बाहर चबूतरे पर सोता है। शनिवार को भी नेपाल सिंह चबूतरे पर न सोकर मकान की दूसरी मंजिल पर सो रहा था। चबूतरे पर नेपाल सिंह के यहां काम करने वाला वृद्ध ठाकुर (55) सो रहा था। रात करीब तीन बजे जर्नादन सिंह अपने भाई चंद्रपाल पुत्रगण कप्तान सिंह तथा एक अन्य व्यक्ति से बाइक द्वारा नेपाल सिंह के घर पहुंचे और चबूतरे पर पड़ी चारपाई पर सो रहे ठाकुर को नेपाल सिंह समझ कर गोलियां दागना शुरू कर दी। गोलियों की आवाज सुनकर मोहल्ले में जगार हो गई।
नेपाल सिंह ने आरोपियों को खदेड़ने के लिए फायरिंग की। इसके चलते आरोपी मौके से भाग गए। पुलिस ने घटनास्थल का निरीक्षण किया। नेपाल सिंह की तहरीर पर पुलिस ने जर्नादन सिंह उसके भाई चंद्रपाल और एक अज्ञात व्यक्ति के खिलाफ हत्या की रिपोर्ट कर ली है।