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पालिका ने 36 कर्मचारियों की सेवा की समाप्त

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leader - फोटो : अमर उजाला
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एटा। बजट नहीं मिलने और वसूली नहीं होने से कंगाल नगर पालिका ने सेवा प्रदाता कर्मचारियों पर गाज गिराई है। पालिका को विगत एक साल से सेवा दे रहे 36 कर्मचारियों की सेवाएं समाप्त कर दी गई हैं। पालिकाध्यक्ष मीरा गांधी के आदेश के बाद कर्मचारियों में खलबली है। वहीं कर्मचारी कोई लिखित आदेश और नोटिस नहीं मिलने से पालिकाध्यक्ष की कार्रवाई का विरोध कर रहे हैं। कर्मचारी दो महीने से वेतन नहीं मिलने से परेशान हैं।
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विगत वर्ष डूडा द्वारा संचालित शहरी आजीविका केंद्र के माध्यम से पालिका ने कंप्यूटर आपरेटर, ट्रेडमैन, पंप आपरेटर और सफाई कर्मचारी समेत 74 पदों पर कर्मचारियों की सेवाएं लेना शुरू की थीं। विगत दिनों पालिकाध्यक्ष मीरा गांधी ने बिना कारण बताए 36 कर्मचारियों की सेवाएं समाप्त कर दीं। इसे लेकर जारी आदेश को लेकर कर्मचारियों में रोष है।

कर्मचारियों का कहना है कि उनको बिना कारण और नोटिस दिए पालिकाध्यक्ष ने गलत कार्रवाई की है। उन्होंने कहा कि तत्कालीन ईओ के आदेश पर उन्होंने सेवाएं देना शुरू की थीं लेकिन पालिकाध्यक्ष आदेश जारी करते हुए सेवा समाप्त नहीं कर सकती हैं। पालिकाध्यक्ष ने आदेश की प्रति सेवा प्रदाता समिति डूडा को भी नहीं दी है। इसे लेकर कर्मचारियों ने अब तक कार्यभार नहीं छोड़ा है। उधर, नवंबर से 36 कर्मचारियों को वेतन नहीं मिला है। जबकि 38 कर्मचारियों को जनवरी माह का वेतन मिल चुका है। इनका नवंबर और दिसंबर माह का वेतन शेष है। कर्मचारियों ने पालिकाध्यक्ष की कार्रवाई को लेकर डीएम से शिकायत भी की है।
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अपने जानकारों को बचाने का आरोप
सेवा से हटाए कर्मचारियों का आरोप है कि शेष 38 कर्मचारियों में ज्यादातर पालिकाध्यक्ष के जानकार हैं। इसके लिए इन कर्मचारियों की सेवाएं समाप्त नहीं की गई हैं। यह भी पता चला है कि पालिका में कंप्यूटर आपरेटर समेत तमाम पदों पर अयोग्य कर्मचारियों की सेवा को बहाल रखा गया है।
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नियमों की उड़ रही धज्जियां
पालिका में सेवा समाप्त करने के मामले में नियमों की धज्जियां उड़ रही हैं। एडीएम प्रशासन ने सात फरवरी को आदेश जारी कर पालिकाध्यक्ष को अपने जानकारों और संबंधियों को सेवाओं से दूर रखने के निर्देश दिए थे। इसके साथ ही आजीविका केंद्र डूडा को सूचना दिए बिना सेवा समाप्त करना भी नियमों का उल्लंघन है।
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पालिकाध्यक्ष के आदेश के बाद 36 कर्मचारियों की सेवा समाप्त की गई है। कर्मचारियों का वेतन निकाला जा रहा है। आदेश मेरे कार्यभार ग्रहण करने से पहले दिया गया है। इसलिए अभी ज्यादा जानकारी नहीं है। वेतन निकालने की प्रक्रिया चल रही है।
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रामदत्त राम, एएसडीएम और प्रभारी ईओ
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