मथुरा। जिला पंचायत बोर्ड की मीटिंग में शुरू से अंत तक सड़कें गूंजती रहीं। सदस्यों ने अपने-अपने क्षेत्र की टूटी सड़कों की सूची कैबिनेट मंत्री चौधरी लक्ष्मीनारायण को सौंपी। साथ ही सड़कों की मरम्मत के वह प्रस्ताव भी बोर्ड में दिखाए गए जो सड़कें अभी ठीक हैं लेकिन पीडब्ल्यूडी मरम्मत कराने की बात कर रहा है। कहा गया कि कमीशनबाजी के लिए सही सड़कों को बार-बार बनवाया जा रहा है।
जिला पंचायत सभागार में हुई बोर्ड मीटिंग में टूटी सड़कों का मुद्दा सबसे ज्यादा उठा। सदस्यों ने कई ऐसी सड़कों के नाम गिनाए जो बनने के महीने-तीन महीने बाद ही उखड़ गईं। बलदेव, राया, मांट, गोवर्धन और नंदगांव क्षेत्र के जिला पंचायत सदस्यों ने कहा कि उनके क्षेत्र में जो सड़कें ठीक हैं उन पर बार बार काम कराया जा रहा है, जबकि जो सड़कें वाकई में खराब हैं उन पर लोकनिर्माण विभाग काम नहीं करा रहा है।
इस पर कैबिनेट मंत्री लक्ष्मीनारायण चौधरी ने नाराजगी जताते हुए कहा कि अगर सड़कें टूटेंगी तो अफसरों पर कार्रवाई की जाएगी। अधिकारी कमीशन के चक्कर में बार बार सड़कों का निर्माण करा रहे हैं। जिला पंचायत अध्यक्ष ममता चौधरी ने कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों का विकास के लिए बजट तय कर दिया गया है। हर वार्ड में काम होगा।
बनने के साथ बार-बार टूट रहे यह मार्ग
मथुरा-सादाबाद मार्ग, वृंदावन-डांगौली-मांट मार्ग, राया-बलदेव मार्ग, राया-सादाबाद मार्ग, राया-मांट मार्ग, सौंख से नगला बोरपा मार्ग, सोंसा-शाहपुर मार्ग, भरतिया से परखम-पसोली मार्ग, मांगरौली-तरौली मार्ग, नौगांव से शेरगढ़ मार्ग, गोवर्धन में बछगांव से चेतन गढ़ मार्ग व जुलेंहदी माइनर मार्ग।
शासन को जाएगी अधिकारियों पर एक्शन की रिपोर्ट
मथुरा। कैबिनेट मंत्री लक्ष्मीनारायण चौधरी ने कहा कि जो अधिकारी सही से काम नहीं कर रहे हैं उनकी रिपोर्ट शासन में दी जाएगी। मीटिंग से गायब रहने वाले अफसरों की रिपोर्ट भी शासन को भेज रहे हैं।
दूसरे विभागों से आए प्रस्ताव खारिज
मथुरा। जिला पंचायत बोर्ड ने उन सभी प्रस्तावों को ध्वनिमत से खारिज कर दिया जिन्हें दूसरे विभागों ने भेजा था। इनमें कहीं हैंडपंप की बात थी तो कहीं सड़क निर्माण, पंचायत घर निर्माण और बारात घर निर्माण होना था। बोर्ड ने कहा कि हमारे पास जो बजट है उससे अपने एजेंडे के ही काम कराएंगे। 35 नई सड़कों के निर्माण को मंजूरी दे दी गई।