मैनपुरी। मेरा नाम किसी मंत्री पद से न जोड़ा जाए, मेरे नाम के साथ संयासी शब्द ही पर्याप्त है। यह दायित्व मैं सिर्फ सेवाभाव के रूप में ग्रहण करूंगा। यह बातें मध्य प्रदेश शासन की ओर से राज्यमंत्री का दर्जा देने पर एकरसानंद आश्रम के महंत हरिहरानंद महाराज ने गुरुवार को आश्रम में आयोजित प्रेसवार्ता के दौरान कहीं।
उन्होंने कहा कि मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने बिना पूछे मुझे यह दायित्व सौंपा है। शासन के सहयोग से नर्मदा की सेवा को बल मिलेगा। उन्होंने कहा कि वह सरकार की ओर से मिलने वाली सरकारी सुख-सुविधाओं को ग्रहण नहीं करेंगे। गाड़ी, बंगला और वेतन आदि नहीं लेंगे। मामला हाईकोर्ट में जाने के सवाल पर उन्होंने कहा कि इस मामले में उन्हें स्पष्ट जानकारी नहीं है। उन्होंने कहा कि वह भाजपा की कमेटी में हैं, राजनीति में नहीं। पूर्ण राजनीतिक दात्यिव कभी स्वीकार नहीं करेंगे।