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नाबालिग को पकड़ने पर ग्रामीणों ने घेरा अवागढ़ थाना

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नाबालिग को पकड़ने पर ग्रामीणों ने घेरा अवागढ़ थाना - फोटो : अमर उजाला
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अवागढ़।
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थाना पुलिस बिना नामजदगी के जानलेवा हमले के आरोप में एक नाबालिग को पकड़कर थाने ले गई। इससे गुस्साए मीसाकलां के लोग ट्रैक्टर ट्राली में सवार होकर थाने पहुंच गए। थाने पहुंचे लोगों ने घेराव करते हुए जमकर पुलिस प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी की। जिसे देख पुलिस ने नाबालिग को थाने से छोड़ दिया। थाने का घेराव होने की जानकारी पर सकरौली, जलेसर थाने की पुलिस के साथ ही क्यूआरटीई पुलिस पहुंच गई थी।
गांव मींसाकलां निवासी गजेंद्र सिंह ने गांव के ही राजू सिंह, वीरेंद्र के खिलाफ दो माह पूर्व जानलेवा हमले की रिपोर्ट अवागढ़ थाने में दर्ज कराई थी। उसे लेकर अवागढ़ पुलिस ने तड़के करीब चार बजे मींसाकलां में दबिश दी। जिसके दौरान पुलिस ने अजय और राजू के साथ बिना नामजदगी के ही नाबालिग रिंकू को भी थाने पकड़ कर ले गई। बिना नामजदगी के नाबालिग को थाने ले जाने को लेकर ग्रामीण आक्रोशित हो गए। ट्रैक्टर ट्राली में थाने पहुंचे। जहां ग्रामीणों ने थाने का घेराव करते हुए पुलिस प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की।
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सुबह पांच बजे से थाने पहुंचे ग्रामीण 11 बजे तक हंगामा करते रहे। इसकी जानकारी पर सकरौली, जलेसर पुलिस के साथ ही अन्य पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी मौके पर पहुंच गए। राजनीतिक लोग भी थाने पहुंचे जहां उन्होंने अवागढ़ पुलिस पर गलत कार्रवाई करने का आरोप लगाते हुए अधिकारियों से कार्रवाई करने की बात कही। बाद में थाना पुलिस ने नाबालिग सहित तीनों लोगों को छोड़ दिया। बता दे कि पांच माह पहले नाबालिग के परिजन प्रधान पुरुषोत्तम ने गांव के ही गजेंद्र के खिलाफ कार से टक्कर मारने की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। आरोप है उस मामले में पुलिस ने पांच माह बाद भी कार्रवाई नहीं। इसके बाद पुलिस ने कार्रवाई करते हुए तीन लोगों को पकड़ लिया। जिससे ग्रामीण आक्रोशित हो गए।
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सात दिन पहले भी थाने पर हो चुका धरना प्रदर्शन
अवागढ़। पिछले दिनों से अवागढ़ पुलिस काफी चर्चाओं में बनी हुई है। बुधवार को थाने का घेराव होने से पहले 21 मार्च को पुलिस की एक पक्षीय कार्रवाई से परेशान होकर रुद्रपुर वीर नगर के लोग थाने के गेट पर धरना प्रदर्शन कर चुके हैं। जो बाद में अधिकारियों के कार्रवाई के आश्वासन के बाद धरने से उठे थे।
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