एटा। लगातार दो बार डायरेक्टर रहे लोग तीसरी बार चुनाव नहीं लड़ सकेंगे। शासन ने सहकारिता नियमावली में संशोधन करते हुए शासनादेश जारी कर दिया है। गौरतलब है कि इससे पूर्व ऐसी कोई बाध्यता नहीं थी।
दशकाें से सहकारिता पर काबिज रहे लोगाें पर शासन की टेढ़ी नजर है। अब वे तीसरी बार निदेशक का चुनाव नहीं लड़ सकेंगे। सहकारिता विभाग ने चुनाव नियमावली में संशोधन करते हुए शासनादेश जारी कर दिया है।
इसके अनुसार अब लगातार तीसरी बार डायरेक्टर के पद पर चुनाव नामांकन नहीं कर सकेंगे। जिले में सहकारी समितियों सहित 84 सोसाइटी हैं। प्रत्येक समिति में नौ डायरेक्टर के पद निर्धारित हैं।
चुनाव नियमावली में हुए संशोधन के बाद लगातार दो बार रहे डायरेक्टर इस बार चुनाव नहीं लड़ सकेंगे। आदेश का अनुपालन किया जाएगा।
---रवेंद्र कुमार, एआर कोऑपरेटिव