टूंडला। जनरल कोच में क्षमता से अधिक यात्रियों के चढ़ जाने के कारण रविवार सुबह जोधपुर से हावड़ा जा रही जोधपुर-हावड़ा एक्सप्रेस ट्रेन को रोकना पड़ा। ब्रेकयान से सामान निकालने के बाद ही ट्रेन को आगे बढ़ाया जा सका। इस दौरान ट्रेन करीब सवा घंटे स्टेशन पर खड़ी रही।
रविवार सुबह जोधपुर हावड़ा एक्सप्रेस के इंजन के ठीक पीछे लगे ब्रेकयान व उसके पीछे लगे जनरल कोच में क्षमता से अधिक यात्री सवार हो गए। क्षमता से अधिक यात्रियों के वजन के चलते इंजन व कोचों को जोड़ने वाली कपलिंग में लगे बफर ही ऊंचाई कम रह गई।
इससे हादसा होने का खतरा पैदा हो गया। ट्रेन के स्टाफ ने मुख्य नियंत्रण कक्ष को सूचना दी। सुबह करीब 7.50 मिनट पर ट्रेन के टूंडला स्टेशन पहुंचने पर रेल विभाग के सीएमआई भैरोंलाल मीणा, पार्सल बाबू गिरीशचंद्र, स्टेशन अधीक्षक अमर सिंह मय स्टाफ के मौके पर पहुंच गए।
जांच में जनरल कोच में यात्री क्षमता से अधिक भरे हुए थे। ट्रेन के सभी जनरल कोचों की स्थिति एक जैसी थी। जिसके बाद पार्सल में लादकर ले जाए जा रहे सामान में से 40 पैकेट को टूंडला स्टेशन पर उतारकर ट्रेन के कोच का वजन कम किया गया।
तब कहीं जाकर ट्रेन करीब सवा घंटे बाद आगे बढ़ सकी। इस दौरान यात्री गर्मी में परेशान रहे। स्टेशन अधीक्षक अमर सिंह मीणा का कहना है कि जनरल कोच में यात्रियों की संख्या अधिक थी। यात्रियों को कोच से नहीं निकाला जा सकता था। जिसके चलते पार्सलयान से लगेज के 48 पैकेट निकाले गए। जिन्हें दूसरी ट्रेन से भेजा जाएगा।