फिरोजाबाद। तीसरे दिन भी टैंक फर्नेश वाले कई कारखानों में काम नहीं लगा। कुछ कारखानों में काम लगा भी तो सभी भट्ठियां नहीं चलीं। श्रमिकों की अघोषित हड़ताल से कारखाना संचालक परेशान हैं। उधर श्रमिक यूनियन ने मजदूरी बढ़ाने की मांग को लेकर एलसी को ज्ञापन देने का निर्णय लिया है।
बुधवार को भी शहर के कई कारखानों में काम नहीं लगा। तीन दिन से टैंक फर्नेश वाले करीब दस कारखानों में मजदूरों की अघोषित हड़ताल से उत्पादन ठप है। मंगलवार को औद्योगिक क्षेत्र में हड़ताल करने वाले मजदूरों ने फायरिंग करके सनसनी फैला दी। बुधवार को भी कई कारखानों में काम नहीं लगा। कुछ कारखानों में काम लगाने की कोशिश की गई लेकिन भट्ठियां पूरी नहीं चल पाईं।
कांच उद्योग क्रांतिकारी मजदूर संघ के कार्यालय में बैठक आयोजित की गई। इसमें टैंक फर्नेश के कारखानों में श्रमिकों द्वारा कार्य बहिष्कार के कारण बंद हुए कारखानों पर चिंता प्रकट की गई। जिले के उच्चाधिकारियों एवं श्रम विभाग को मांग पत्र देने की सहमति बनीं। मजदूर संघ द्वारा मांग पत्र सहायक श्रमायुक्त राजीव कुमार को प्रेषित किया गया। ज्ञापन में सेवायोजकों द्वारा श्रम कानूनों का पालन न करने व कार्य दिवस में आठ घंटे से अधिक कार्य लेने पर रोष जताया। महंगाई को दृष्टिगत रखते हुए 50 रुपया बढ़ोत्तरी की मांग की गई।
संघ ने मांग की कि स्वयं स्पूर्ति ढंग से कार्य बहिष्कार करने से हजारों श्रमिक रोजी-रोटी से वंचित रह रहे हैं। वहीं, कारखानों का उत्पादन ठप्प पड़ा हुआ है। इस प्रकार के औद्योगिक विवाद की स्थिति में वार्ता के लिए सेवायोजक पक्ष एवं श्रमिक यूनियन को बुलाकर श्रमिक समस्याओं का समाधान कराया जाए। संचालन राजवीर सिंह ने किया। इस दौरान नवल सिंह, राजपाल माहौर, सतीशचंद्र, प्रभूदयाल, सोनू, विमलेश यादव, रमेशचंद्र राजपूत, दिनेश शंखवार, कृष्ण मोहन आदि लोग उपस्थित रहे।