आगरा। मंडलायुक्त के. राममोहन राव ने शुक्रवार को कर एवं करेत्तर राजस्व वसूली तथा जन शिकायतों के निस्तारण की मंडलीय समीक्षा की। इसमें आईजीआरएस (समन्वित शिकायत निवारण प्रणाली) के अंतर्गत 30 जून तक की शिकायतों के निस्तारणों में फिरोजाबाद को छोड़कर किसी जिले की स्थिति संतोषजनक नहीं मिली। इस पर मंडलायुक्त ने आगरा, मथुरा और मैनपुरी के संबंधित अधिकारियों को चेतावनी पत्र जारी किया है। इन जिलों में मुख्यमंत्री को संदर्भित शिकायतों का शत-प्रतिशत निस्तारण नहीं हुआ।
कमिश्नरी सभागार में समीक्षा के दौरान मंडलायुक्त ने कहा कि जिन विभागों में जन शिकायतों के निस्तारण में कठिनाई आ रही है, उस जिले के जिलाधिकारी उस विभाग के खिलाफ शासन को पत्र लिखें। उसकी प्रतिलिपि मुख्यमंत्री सचिव भी प्रेषित करें। उन्होंने हर हाल में 31 जुलाई तक मुख्यमंत्री को संदर्भित शिकायतों के निस्तारण के निर्देश दिए हैं।
टैक्स समीक्षा के दौरान नगर आयुक्त आगरा अरुण प्रकाश ने बताया कि नगर निगम ने आठ करोड़ के सापेक्ष 14 करोड़ रुपये की वसूली कर ली है। इस दौरान प्लास्टिक के खिलाफ चलाए गए अभियान के अंतर्गत मथुरा में चार लाख रुपये की वसूली की गई। बैठक में मंडलायुक्त ने फिरोजाबाद में चलाए गए अतिक्रमण अभियान की सराहना की। मंडल के दूसरे अधिकारियों से कहा कि जिस प्रकार फिरोजाबाद नगर निगम ने अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई की, उसी तरह से पूर मंडल में अतिक्रमण के खिलाफ अभियान चलना चाहिए। बैठक में लेखपालों व अन्य कर्मियों के रजिस्टर भी चेक कराए।
जिन रजिस्टरों में ग्रामीण के हस्ताक्षर व मोबाइल नंबर अंकित नहीं था, उस सभी से स्पष्टीकरण तलब करने को कहा है। बैठक में अपर आयुक्त प्रभात कुमार शर्मा, अपर जिलाधिकारी वित्त एवं राजस्व आगरा राकेश कुमार मालपाणी, एडीएम प्रोटोकॉल कंचन सरन के अलावा मथुरा, फिरोजाबाद और मथुरा के एडीएम वित्त एवं राजस्व सहित कई अधिकारी मौजूद थे।