वृंदावन (मथुरा)। संघ की समन्वय बैठक में दो सितंबर को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ भी आ रहे हैं। प्रदेश सरकार के कई दूसरे मंत्री भी रहेंगे। इनके सामने संघ मथुरा के विकास की योजना रखेगा। यमुना शुद्धीकरण से लेकर मथुरा को तीर्थस्थल बनाने तक की मांग की जाएगी।
मथुरा को तीर्थस्थल बनाने की मांग संघ अरसे से कर रहा है। कई बार सरकारों को प्रस्ताव भी दिया गया, लेकिन सुनवाई नहीं हो सकी थी। मथुरा के विकास को लेकर भी संघ ने आवाज बुलंद की थी। क्योंकि अब प्रदेश और केंद्र दोनों ही जगह भाजपा की सरकार है लिहाजा मथुरा के विकास की राह आसान दिख रही है।
संघ के पदाधिकारियों का कहना है विकास के मुद्दे को रखा जाएगा। हालांकि सरकार ने नमामि गंगे योजना में यमुना को शामिल कर लिया है, लेकिन फिर भी संघ की मांग रहेगी कि यमुना के लिए कोई अलग से भी कार्ययोजना बनाई जाए।
संघ के पदाधिकारियों का मानना है कि हरिद्वार के उत्तराखंड में जाने के बाद उत्तर प्रदेश में कोई तीर्थस्थल नहीं रहा है, लिहाजा सरकार को चाहिए कि मथुरा को तीर्थनगरी घोषित कर दिया जाए।