आगरा। सोने में निवेश करने पर कम समय में अधिक लाभ दिलाने का लालच देकर साइबर ठगों ने हरीपर्वत क्षेत्र के मनीष कुमार से 14.65 लाख रुपये की ठगी कर ली। तीन लाख से अधिक का मुनाफा दिखने पर पीड़ित ने रकम निकालने का प्रयास किया। रुपये नहीं निकलने पर साइबर क्राइम थाने में प्राथमिकी दर्ज कराई।
संजय प्लेस, एचआईजी फ्लैट निवासी मनीष कुमार ने तहरीर दी। बताया कि 7 नवंबर को व्हाट्सएप के जरिये एक महिला ने संपर्क किया। उसने अपना नाम नेहा बताते हुए खुद को केरल की निवासी और गोल्ड ट्रेड एनॉलिस्ट बताया। महिला ने सोने में निवेश पर कम समय में अधिक मुनाफा दिलाने का दावा किया। इसके बाद डब्ल्यूडब्ल्यू केडीई वन गोल्ड डॉट नेट नाम की वेबसाइट का लिंक भेजकर रजिस्ट्रेशन कराया।
रजिस्ट्रेशन के दौरान जीमेल आईडी और पासवर्ड डलवाए गए। पहली बार में 45 हजार रुपये जमा करवाए, मुनाफा होने पर रकम विड्रॉल हो गई। इसके बाद ठगों ने विभिन्न बैंक खातों में 6 बार में 14 लाख 65 हजार रुपये ट्रांसफर कराए। वेबसाइट पर बने खाते में डॉलर के हिसाब से करीब 17.48 लाख रुपये दिख रहे थे।
जब रकम निकालने का प्रयास किया तो टैक्स और सर्विस चार्ज के नाम पर 4.40 लाख रुपये और मांगे गए। इसके बाद पीड़ित को साइबर ठगी का पता चला। इस पर 14 दिसंबर को 1930 साइबर हेल्पलाइन पर शिकायत दर्ज कराई और 15 दिसंबर को थाना साइबर क्राइम में लिखित शिकायत दी। पुलिस प्राथमिकी दर्ज कर मामले की जांच में जुटी है।
इन बातों का रखें ध्यान
- सोशल मीडिया, व्हाट्सएप या अनजान कॉल के जरिए मिलने वाले निवेश प्रस्तावों से सतर्क रहें।
- किसी भी वेबसाइट या एप पर अपनी जीमेल आईडी, पासवर्ड, ओटीपी साझा न करें।
- अधिक मुनाफे का दावा करने वाले निवेश प्लेटफॉर्म की प्रामाणिकता पहले जांचें।
- टैक्स या चार्ज के नाम पर अतिरिक्त रकम मांगना साइबर ठगी का प्रमुख संकेत है।
- किसी भी संदिग्ध लेनदेन की सूचना तुरंत 1930 साइबर हेल्पलाइन या नजदीकी साइबर क्राइम थाने में दें।
- जल्दबाजी या लालच में आकर निवेश करने से बचें, जागरूकता ही सबसे बड़ा बचाव है।