एटा। रेलवे में क्लर्क पद पर नौकरी लगवाने का झांसा देकर दूर के रिश्तेदारों ने एक परिवार से नौ लाख रुपये ठग लिए। और तो और शातिरों ने रकम ऐंठने के लिए फर्जी कॉल लेटर भी भेज दिया। जब युवक इंटरव्यू के लिए पुणे महाराष्ट्र पहुंचा तो फर्जीवाड़े का खुलासा हुआ। शिकायत पर उच्च अधिकारियों ने मामले की जांच कर कार्रवाई के आदेश दिए हैं।
अलीगंज निवासी सुरजीत ने बताया कि बेटे अमोल को छह महीने पहले फर्रुखाबाद के मोहम्मदाबाद में रहने वाले दो रिश्तेदारों ने रेलवे में क्लर्क की नौकरी लगवाने का झांसा दिया। इसके लिए नटरवरलाल रिश्तेदारों ने नौ लाख रुपये में नौकरी लगवाने की बात कही। सुरजीत की मानें तो शातिरों ने रेलवे में भर्ती निकलने पर फार्म भरवाया और चार लाख रुपये एडवांस ले लिए। आरोप है कि तीन महीने बाद शातिरों ने महाराष्ट्र के पुणे में इंटरव्यू का कॉल लेटर भेजा और पूरा पैसा देने पर नियुक्ति पत्र मिलने का झांसा देकर पांच लाख रुपये और ऐंठ लिए। जुलाई में जब वो बेटे को इंटरव्यू दिलाने पुणे लेकर गया तो वहां पूरे फर्जीवाड़े का खुलासा हो गया।
आरोप है कि शातिरों ने पांच लाख रुपये ऐंठने के लिए फर्जी कॉल लेटर भेजा था और रेलवे अधिकारियों ने लेटर फर्जी बता कर लौटा दिया। सुरजीत ने बताया वो और उसका बेटा बीस दिन से रुपये वापस लेने के लिए रिश्तेदारों के चक्कर लगा रहे हैं, लेकिन रुपये नहीं मिले। आरोप है कि अब शातिर रुपये वापस मांगने पर बेटे की हत्या की धमकी दे रहे हैं। सुरजीत ने रकम नटवरलालों के खाते में ट्रांसफर कराई थी। इसके सबूत भी उसके पास हैं। दो दिन पहले पीड़ित पिता ने पुलिस से शिकायत की। एसएसपी ने अलीगंज पुलिस को जांच के बाद रिपोर्ट दर्ज कर कार्रवाई के निर्देश दिए हैं।