मथुरा। गाजियाबाद के कविनगर थाने में तैनात दरोगा विजय सिंह ने गोली मारकर सुइसाइड कर लिया है। इसकी खबर लगते ही मथुरा के बालाजीपुरम में रहने वाले परिवार में कोहराम मच गया। दरोगा की पत्नी कविता और बड़ा बेटा शिवा गाजियाबाद के लिए रवाना हो गए, जबकि छोटा बेटा ऋषभ घर पर अपनी दादी मायादेवी और परिवार के अन्य सदस्यों के साथ था।
दरोगा ने साल 2011 में थाना हाईवे के बालाजीपुरम में दो मंजिला मकान बनवाया था। मूलत: मुरसान (हाथरस) के गांव नाऊ का रहने वाला दरोगा मथुरा में चौकी कृष्णानगर, थाना हाईवे आदि में तैनात रहा, तब वह सिपाही था। कोतवाली में दरोगा के खिलाफ 11 अप्रैल 2018 को एक जानलेवा हमले का मुकदमा दर्ज हुआ था। बताया जाता है कि दरोगा अपने एक साथी के साथ झगड़े में गया था।
दरोगा पर धमकाने का आरोप भी लगा था। फिलहाल इस मुकदमे की विवेचना दरोगा जगदीश कर रहे हैं। मृतक दरोगा ने कुछ दिन पहले दर्ज मुकदमे में एसएसपी बबलू कुमार से भी गुहार लगाई थी। स्थानीय लोगों की मानें तो पांच दिन पूर्व परिवार के पास दरोगा आया था। दरोगा कुछ परेशान तो लग रहा था, पर यह कोई बताने को तैयार नहीं कि कारण क्या रहा।