मैनपुरी। यदि आप हृदय रोग के मरीज हैं तो सर्दी के मौसम में आपको अपने दिल का ख्याल रखना होगा। सर्दी के मौसम में आपको कई प्रकार की सावधानियां बरतने की जरूरत है। जिले में सर्दी का प्रकोप बढ़ते ही हृदय रोगियों की संख्या बढ़ चली है।
जिला अस्पताल में कार्यरत चेस्ट फिजीशियन डॉ. धर्मेंद्र कुमार बताते हैं कि सर्दियों में रक्तचाप बढ़ने के कारण हृदय के मरीजों के लिए परेशानी बढ़ जाती है। सर्दी के मौसम में हृदय के मरीजों की संख्या 30 से 40 प्रतिशत तक बढ़ जाती है। उनका कहना है कि हृदय के मरीजों की जिला अस्पताल में पिछले चार दिनों से पड़ रही सर्दी के बीच संख्या बढ़ चली है। तीन मरीजों की मौत हुई है। औसतन 10 से 15 मरीज प्रतिदिन हृदय रोग के जिला अस्पताल में पहुंच रहे हैं। सर्दियों में हृदय के मरीजों को विशेष बचाव की जरूरत है।
चार दिन में तीन मरीजों की मौत, 15 कराए गए रेफर
जिला अस्पताल में दर्ज रिकार्ड पर यदि नजर डालें तो चार दिनों में जिला अस्पताल में हृदय रोग से पीड़ित 35 मरीजों को प्राथमिक उपचार दिया गया। इसमें से अंजनी निवासी 37 वर्षीय गंभीर सिंह, छिबरामऊ के नगला लड़ैते निवासी दुर्गविजय सिंह, रतनपुर निवासी मानेश्वरी देवी की उपचार के दौरान मौत हो गई, जबकि 15 मरीजों को गंभीर हालत में सैफई व आगरा के लिए रेफर किया गया।
जिला अस्पताल में दो साल से नहीं है हृदय रोग विशेषज्ञ
जिला अस्पताल में हृदय रोग विशेषज्ञ की तैनाती पिछले दो साल से नहीं है। हृदय रोग विशेषज्ञ की तैनाती न होने के कारण यहां आने वाले मरीजों को इमर्जेंसी से ही मिनी पीजीआई सैफई तथा आगरा के लिए रेफर कर दिया जाता है।
ये बरतें सावधानी
-सर्दी से बचाव रखें
-चिकनाई युक्त खाद्य पदार्थ के सेवन से बचें
-नमक का प्रयोग भोजन में कम से कम करें
-अल्कोहल न लें
-हल्का व्यायाम घर पर ही करें
-अधिक सर्दी में टहलनेे न जाएं
-यात्रा पर जाने से बचाव करें
-भारी काम न करें
हृदय रोग विशेषज्ञ के लिए कई बार विभाग व शासन को पत्र लिखे गए हैं, लेकिन अभी तक हृदय रोग विशेषज्ञ की तैनाती नहीं हुई है। इससे वास्तव में मरीजों को दिक्कत उठानी पड़ रही है।
डॉ. आरके सागर, सीएमएस जिला अस्पताल