कासगंज। किसानों को वैज्ञानिक तरीके से खेतीबाड़ी का प्रशिक्षण देने के लिए किसान पाठशालाओं का आयोजन पांच दिसंबर 15 दिसंबर तक किया जाएगा। इसमें किसानों को खेतीबाड़ी के अतिरिक्त सरकारी योजनाओं की जानकारी भी दी जाएगी। इसके लिए विकास खंडवार नोडल अधिकारी नामित किए गए हैं। वहीं प्रत्येक दिवस वार प्रशिक्षण के विषय निर्धारित किए गए हैं।
किसाना पाठशाला दो मॉड्यूल में आयोजित की जाएंगी। प्रथम मॉड्यूल पांच दिसंबर से नौ दिसबंर और दूसरा मॉड्यूल 11 दिसबंर से 15 दिसबंर तक आयोजित किया जाएगा। प्रत्येक न्यायपंचायत की दो ग्राम पंचायत में सरकारी विद्यालय परिसर में किसान पाठशाला आयोजित की जाएंगी। प्रथम दिन तीन से साढ़े चार बजे तक, दूसरे से चौथे दिन तक साढ़े तीन से साढ़े चार और पांचवें दिन साढ़े तीन बजे से पांच बजे तक प्रशिक्षण दिया जाएगा।
पहले दिन फसल चक्र, बीजों पर अनुदान, मृदा स्वास्थ्य सुधार, प्राकृतिक संसाधनों का संरक्षण एवं जैविक खेती के बारे में बताया जाएगा। दूसरे दिन कृषि निवेश, कीटनाशक का महत्व, कृषि यंत्रीकरण, जल प्रबंधन एवं उन्नत पशुपालन के बारे में जानकारी दी जाएगी। तीसरे दिन फसल बीमा योजना, केसीसी, मुख्यमंत्री किसान एवं सर्वहित बीमा योजना तथा कृषि विभाग द्वारा देय सुविधाओं के बारे में बताया जाएगा। चौथे दिन औद्योगिक फसलें कृषि वानिकी, पैकेजिंग, विपणन और आय बढ़ाने की तकनीक और ई-बाजार की जानकारी दी जाएगी।
पाठशाला के अंतिम दिन कृषि रक्षा महत्व, कृषि लागत घटाने के उपाय, शासकीय अनुदान की डीवीटी प्रक्रिया, पारदर्शी किसान योजना आदि के बारे में जानकारी दी जाएगी। इसके लिए कासगंज में नोडल अधिकारी, जिला कृषि अधिकारी, सोरों में अधिशासी अभियंता नलकूप, सहावर में सहायक अभियंता लघु सिंचाई, अमांपुर में सहायक निदेशक मत्स्य, सिढ़पुरा में सहायक आयुक्त एवं सहायक निबंधक सहकारिता, पटियाली में अधिशासी अभियंता सिंचाई तथा गंजडुंडवारा में मुख्य विकास अधिकारी को नामित किया गया है।
जिला कृषि अधिकारी सुमति कुमार चौहान ने किसान पाठशाला में ग्राम पंचायत सचिव भी मौजूद रहेंगे। इस दौरान मनरेगा और ओडीएफ के बारे में भी जागरूक किया जाएगा। वहीं किसानों को तकनीकी जानकारियां और योजनाओं की जानकारियां देकर लाभान्वित किया जाएगा।