फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

बोरिंग के लिए भटक रहे किसान

विज्ञापन
डैमो - फोटो : डैमो
विज्ञापन
मथुरा। प्रदेश सरकार ने डार्क जोन तो खत्म कर दिया, लेकिन अनुदान पर कराए जाने वाले बोरिंग का लाभ डार्क जोन में शामिल रहे 250 गांवों को नहीं मिल पा रहा है। किसान बोरिंग के लिए भटक रहे हैं।
विज्ञापन


भूगर्भ जल 100 फुट से अधिक नीचे चले जाने के कारण जनपद के बलदेव, राया, फरह व नौहझील ब्लाक को डार्क जोन घोषित कर दिया था। इन ब्लाकों में किसानों को अनुदान पर गहरी, मध्यम गहरी बोरिंग का लाभ बंद कर दिया, वहीं नलकूप के लिए बिजली कनेक्शन पर रोक लगा दी गई थी। दो माह पूर्व प्रदेश सरकार ने किसानों की आमदनी बढ़ाने की कवायद में डार्क जोन खत्म कर दिए। इससे नलकूप के बिजली कनेक्शन तो जारी होने लगे, लेकिन उन ब्लाकों के 250 से अधिक गांवों में गहरी व मध्यम गहरी बोरिंग के लिए अनुदान व नि:शुल्क बोरिंग कराने का रास्ता साफ नहीं किया है। इसे लेकर किसान आए दिन बोरिंग कराने के लिए प्रार्थना पत्र लेकर लघु सिंचाई कार्यालय पहुंच रहे हैं।

‘फरह, राया, नौहझील व बलदेव ब्लाक के डार्क जोन खत्म हो गए हैं, लेकिन इन ब्लाकों के गांवों में गहरी, मध्यम गहरी व 20 फुट गहराई वाली बोरिंग कराने का कोई लक्ष्य अब तक नहीं मिला है।’
विज्ञापन
विज्ञापन

- सुवेंद्र सिंह, एक्सईएन लघु सिंचाई
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें