रात में सफाई व्यवस्था का निरीक्षण करते नगर आयुक्त
- फोटो : अमित कुमार कुलश्रेष्ठ
आगरा। मानसून से पहले नगर निगम प्रशासन ने शहर में जलभराव की समस्या से निपटने के लिए व्यापक तैयारी शुरू कर दी है। नगर आयुक्त के निर्देश पर एसएफआई, सीएसएफआई और जोनल स्वच्छता अधिकारियों (जेडएसओ) के माध्यम से शहर के विभिन्न क्षेत्रों में 100 से अधिक जलभराव वाले स्थान चिह्नित किए गए हैं। प्रारंभिक सर्वेक्षण में कई स्थानों पर नाला-नालियों के निर्माण, सीवर कनेक्शन, सड़क निर्माण, सड़क ऊंची करने तथा पुलिया निर्माण जैसी जरूरतें सामने आई हैं।
नगर आयुक्त संतोष कुमार वैश्य ने सभी स्थलों की जीपीएस तस्वीरें और समस्या के समाधान संबंधी विस्तृत विवरण मांगी है। इसके साथ ही निर्माण विभाग एवं सीवर विभाग के अधिकारियों को निर्देशित किया गया है कि वे एक सप्ताह के भीतर संबंधित स्थलों का मौके पर निरीक्षण कर अपनी आख्या उपलब्ध कराएं।
नगर आयुक्त ने कहा है कि जिन स्थानों पर छोटे स्तर के कार्यों से जलभराव की समस्या का समाधान संभव है और जहां तत्काल हस्तक्षेप की आवश्यकता है, वहां बिना विलंब के एस्टीमेट तैयार कर कार्य शुरू कराया जाए। वहीं जिन क्षेत्रों में बड़े स्तर के निर्माण कार्य, व्यापक योजना या दीर्घकालिक रणनीति की आवश्यकता है, उनके लिए अलग से कार्ययोजना तैयार की जाए ताकि भविष्य में स्थायी समाधान सुनिश्चित किया जा सके।
नगर आयुक्त ने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि निरीक्षण रिपोर्ट में केवल समस्या का उल्लेख ही नहीं, बल्कि उसके व्यावहारिक एवं स्थायी समाधान का स्पष्ट प्रस्ताव भी शामिल किया जाए। चिह्नित स्थलों में से 42 ऐसे स्थान हैं, जहां पर मडपंप लगाकर नगर निगम द्वारा जलभराव की समस्या का समाधान किया जाता है।