लखनऊ। चौधरी चरण सिंह एयरपोर्ट सुरक्षा में सेंध लगाकर मंगलवार शाम फर्जी प्रवेश पास के जरिए दो महिलाएं प्रतिबंधित एरिया में घुस गई। महिलाओं की इस हरकत से एयरपोर्ट अथारिटी में हड़कंप मच गया। सूचना पर सीआईएसएफ कमांडेंट ने एयरपोर्ट पर एलर्ट घोषित कर प्रतिबंधित इलाके को चारों ओर से घेर लिया। सीआईएसएफ के जवानों ने थोड़ी ही देर में दोनों महिलाओं को काबू में कर लिया। सीआईएसएफ ने दोनों महिलाओं से लंबी पूछताछ की। सूत्रों की मानें तो महिलाएं रिश्ते में मौसी-भतीजी हैं। मौसी अपने बेटी को छोड़ने एयरपोर्ट गई थी। सीआईएसएफ ने दोनों महिलाओं को पुलिस के हवाले कर दिया। पुलिस ने महिलाओं के खिलाफ धोखाधड़ी का मामला दर्ज कर लिया है। पुलिस के अनुसार, मंगलवार शाम करीब छह बजे चौक के पीर बुखारा क्षेत्र निवासी जुल्फिया अपनी बेटी शबा मुंबई जा रही थी। जुल्फिया अपनी भतीजी अमरीन के साथ शबा को छोड़ने एयरपोर्ट गई थी। लखनऊ से मुंबई जाने वाली फ्लाइट अपने निर्धारित समय से उड़ान भरने को तैयार थी। ठीक उसी समय जुल्फिया व अमरीन एयरपोर्ट के प्रतिबंधित एरिया को पार कर बोर्डिंग तक पहुंच गई। सीसीटीवी फुटेज में महिलाओं प्रतिबंधित एरिया में देखकर सीआईएसएफ कमांडेंट के पसीने छूट गए। उन्होंने तत्काल एयरपोर्ट पर एलर्ट घोषित कर जवानों को इलाका घेरे लेने का आदेश दिया। इस कार्रवाई से एयरपोर्ट परिसर में हड़कंप मच गया। थोड़ी देर में जवानों ने मुसाफिरों का आवागमन रोक कर प्रतिबंधित इलाके को घेरे लिया और दोनों महिलाओं को दबोच लिया। महिलाओं ने सीआईएसएफ को प्रवेश पास दिखाया। जांच में प्रवेश पास फर्जी पाया गया। पुलिस की मानें तो पास इंटरनेट के जरिए निकाला गया था। सीआईएसएफ ने दोनों महिलाओं से एक घंटे अकेले में पूछताछ की। सूत्रों की मानें तो पूछताछ में महिलाओं से कोई खास बात पता नहीं चली है। महिलाएं फर्जी पास के जरिए बोर्डिंग में घुसकर फ्लाइट का इंतजार कर रही थी। सीआईएसएफ के कमांडेंट जे सिंह ने सरोजनीनगर पुलिस को सूचना देकर बुलाया और दोनों महिलाओं को सौंप दिया। पुलिस ने सीआईएसएफ के आरक्षी अजय पाल की तहरीर पर दोनों महिलाओं के खिलाफ धोखाधड़ी का मामला दर्ज कर गिरफ्तार कर लिया। पुलिस महिलाओं से पूछताछ कर रही है।
कहां से मिला फर्जी पास ? ः प्रतिबंधित इलाके में घुसी महिलाओं को फर्जी प्रवेश पास कहां से प्राप्त हुआ। पुलिस इसकी गंभीरता से जांच कर रही है। सीओ कृष्णानगर राजेश श्रीवास्तव की मानें तो महिलाओं ने बताया कि इंटरनेट से प्रवेश पास निकाला गया। जबकि, एयरपोर्ट अथारिटी का कहना है कि इंटर के जरिए इस तरह का कोई पास जारी नहीं किया जाता। अब पुलिस फर्जी पास बनाने वाले गैंग के बारे छानबीन कर रही है। सूत्रों की मानें तो फर्जी पास से प्रतिबंधित एरिया में प्रवेश का यह कोई पहला मामला नहीं है। इससे पूर्व एक प्री-पेड टैक्सी स्टैंड संचालक भी फर्जी पास के जरिए घूमते पाए गए थे।