बांसडीह के खादीपुर मल्लाहीचक गांव में छह साल पहले हुए दोहरे हत्याकांड को दुर्लभतम करार देते हुए अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश किशोर कुमार ने बृहस्पतिवार को सात दोषियों को फांसी की सजा सुनाई।
आरोपी जीतन कुर्मी, चितरंजन, अशोक पटेल, नंद किशोर, सैजनाथ, लाल साहब यादव और शिवजी यादव पर 50-50 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया गया है।
तीन जुलाई 2007 को हथियारों से लैस अपराधियों ने मल्लाह बस्ती के राधाकिशुन (40) , स्वामीनाथ साहनी (45) और लक्ष्मण साहनी (35) को गोली मार दी थी।
घटना में राधाकिशुन और स्वामीनाथ की मौत हो गई जबकि गंभीर रूप से घायल लक्ष्मण की उपचार के बाद जान बच गई। मामले में स्वामीनाथ के भाई लक्ष्मण साहनी ने बांसडीह कोतवाली में मुकदमा दर्ज कराया था।
इस हत्याकांड के दो दिन पहले बदमाशों की तलाश में पुलिस गांव में पहुंची थी। इसके बाद बदमाशों को यह जानकारी मिली थी कि गांव के शंकर मल्लाह, राधाकृष्ण, स्वामीनाथ तथा अन्य लोग पुलिस की मुखबिरी का काम करते हैं। इसी के चलते वारदात को अंजाम दे दिया।