22 साल की उम्र में सर्वाधिक चार दोहरे शतक लगाने का रिकॉर्ड ऑस्ट्रेलिया के सर डॉन ब्रैडमैन के नाम है।
- फोटो : BCCI
जायसवाल के दोहरे शतक की बदौलत भारत ने राजकोट टेस्ट में इतिहास की सबसे बड़ी जीत भी दर्ज की थी। इंग्लैंड को 434 रनों से हराया, जबकि इससे पहले भारत की सबसे बड़ी जीत वर्ष 2021 में न्यूजीलैंड के खिलाफ हुई थी, जब उसने न्यूजीलैंड को 372 रनों से हराया था।
भारत ने वर्ष 2015 में साउथ अफ्रीका को 337 रन, वर्ष 2016 में न्यूजीलैंड को 321 रन और वर्ष 2008 में ऑस्ट्रेलिया को 320 रनों से शिकस्त दी थी।
यशस्वी जायसवाल की कहानी हम सबको पता है कि कैसे वो मात्र 12 साल की उम्र में उत्तर प्रदेश से मुंबई आ गए थे। बेहद कठिन परिस्थितियों में उन्होंने अपने क्रिकेट करियर को बनाया। यहां तक ठेले पर गोलगप्पे बेचे और मैदान पर रात को कई बार उन्हें सोना पड़ा, लेकिन मात्र 22 साल के यशस्वी जायसवाल ने न केवल खुद को साबित किया है, बल्कि वो अब टीम इंडिया के विराट कोहली जैसे स्तंभ बन गए हैं।
22 साल की उम्र में सर्वाधिक चार दोहरे शतक लगाने का रिकॉर्ड ऑस्ट्रेलिया के सर डॉन ब्रैडमैन के नाम है, जबकि तीन दोहरे शतक दक्षिण अफ्रीका के ग्रैम स्मिथ ने लगाए थे। भारत की ओर से यशस्वी जायसवाल के अलावा विनोद कांबली ने 22 साल की उम्र में दो दोहरे शतक लगाए थे, जिस तरह से यशस्वी जायसवाल आगे बढ़ रहे हैं तो लग रहा है कि वो कई बड़े कीर्तिमान स्थापित करने वाले हैं।
भारत के लिए अगर वो अगले 10 साल तक यूं ही खेलते रहे तो सचिन तेंदुलकर और विराट कोहली की तरह वो रनों का अंबार लगा देंगे। सुखद बात यह है कि इस प्रतिभावान युवा को भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड से भी पूरा सम्मान मिल रहा है और अब वो सेंट्रल कांट्रैक्ट लिस्ट में ग्रेड बी खिलाड़ी में शामिल हो गया है।
डिस्क्लेमर (अस्वीकरण): यह लेखक के निजी विचार हैं। आलेख में शामिल सूचना और तथ्यों की सटीकता, संपूर्णता के लिए अमर उजाला उत्तरदायी नहीं है। अपने विचार हमें blog@auw.co.in पर भेज सकते हैं। लेख के साथ संक्षिप्त परिचय और फोटो भी संलग्न करें।